अमर उजाला ब्यूरो
बांदा। नहरों में सिल्ट सफाई न होने और मनरेगा प्रमाण पत्र न देने पर खफा मंडलायुक्त अजय कुमार शुक्ला ने एक्सईएन (सिंचाई, नहर) का वेतन रोक दिया। निर्देश दिए कि रबी फसल में पानी उपलब्ध कराने के लिए मंडल के सभी 30 लिफ्ट कैनालों को परख लिया जाए।
बुधवार को मयूर भवन में कमिश्नर ने विभिन्न विभागों के मंडलीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि सालों से रजवहों की सफाई न होना असंतोषजनक है। सिंचाई विभाग अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्राथमिकता से इनकी सफाई कराएं।
बिजली विभाग अधिकारियों को वोल्टेज समस्या और जल संस्थान अधिकारियों को बबेरू में पेयजल संकट दूर करने के लिए गहरे नलकूप स्थापना के लिए शासन को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। खाद्य विभाग अधिकारियों को चेतावनी दी कि खाद्यान्न वितरण में गड़बड़ी मिली तो संबंधित अधिकारी-कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग अधिकारियों से कहा कि चारा समस्या पर पशुओं को वन विभाग के जंगलों में चरने की अनुमति दी जाए। बैठक में संयुक्त विकास आयुक्त शिवकुमार मिश्र, संयुक्त निदेशक (कृषि) वीके सिंह, अपर निदेशक (पशुपालन) एके सिंह, उप निदेशक (सूचना) भूपेंद्र सिंह यादव आदि उपस्थित रहे।
-समीक्षा बैठक में मंडलायुक्त ने की कार्रवाई
-पंप कैनालों और नलकूपों को दुरुस्त करने के निर्देश