बांदा। जिलाधिकारी ने बैठक में अनुपस्थित छह बैंक अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा है। संबंधित मैनेजरों के खिलाफ कार्रवाई के एलडीएम को निर्देश दिए हैं। 15 दिन में कार्य शैली सुधारने की चेतावनी दी। डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को बैंकर्स की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में कहा कि कृषि संबंधी क्षेत्र तथा समूहों के बचत खाते खोलने में लापरवाही और फाइलें अनावश्यक लंबित रखने वाले बैंकों को नोटिस जारी की जाए। कृषि संबंधी क्षेत्र तथा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत समूहों के बचत खाते खोलने में लापरवाही की जा रही है। बैंक अधिकारी इसमें रुचि नहीं ले रहे हैं। यह अत्यंत आपत्तिजनक है।
कहा कि सीडीओ व अग्रणी जिला प्रबंधक हर सप्ताह बैंकर्स की बैठक करें और प्रगति रिपोर्ट दें। डीएम ने बैठक में अनुपस्थित आईसीआईसीआई, एक्सेस, यूको, सेंट्रल बैंक आफ इंडिया, एचडीएफसी, अर्बन कोआपरेटिव बैंकों से स्पष्टीकरण मांगा है। एलडीएम से कहा कि आरबीआई गाइड लाइन के तहत इनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने किसानों से फसल बीमा कराने को कहा। 10 जनवरी अंतिम तिथि है। बताया कि मनरेगा के तहत आधार बेस्ड पेमेंट सिस्टम में कुल 86 फीसदी के साथ बांदा जनपद लगातार सातवीं बार प्रदेश में अव्वल रहा। डीडीएम नाबार्ड को प्रशस्ति पत्र दिया। सीडीओ आरके सिंह, मनरेगा उपायुक्त विकास मिश्रा, एलडीएम वाईएन माहेश्वरी, जिला कृषि अधिकारी बाल गोविंद यादव आदि रहे।