बलरामपुर। मानसून की पहली बारिश ने जिले को तरबतर कर दिया, वहीं शहरी इलाकों में जलभराव ने नगर पालिका के इंतजामों की पोल खोलकर रख दी। मोहल्लों की सड़कों पर जलभराव के साथ ही घरों में पानी चला गया। लोग घरेलू सामानों को सहेजने की जद्दोजेहद करते दिखाई दिए।
नगर में बारिश के चलते सरयू नहर कॉलोनी, तुलसी पार्क, नई बस्ती, सिविल लाइन और चिकनी आदि मोहल्लों में बाढ़ का मंजर दिखने लगा है। कई घरों में बारिश का पानी भर गया है।
लोग अपना फ्रीज व अन्य कीमती सामान चौकियों पर रखकर बचाने का प्रयास कर रहे हैं। करीब 12 लाख रुपये खर्च कर बारिश से पूर्व शहरपनाह नालों की सफाई का दावा पूरी तरह से झूठा साबित हो गया है।
चोक नाले व नालियों के चलते पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि शाबान अली कर्मियों व सफाई कर्मियों के साथ चोक नालों को खुलवाने में जुटे रहे। चौपट सफाई व्यवस्था के प्रति शहरवासियों में आक्रोश व्याप्त है।
कीचड़ व गंदगी के चलते लोगों का जीना दुश्वार हो गया है। नगरवासियों ने डीएम से बारिश से पूर्व शहर के नालों की हुई सफाई व्यवस्था की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
वहीं बलरामपुर चीनी मिल परिसर में कर्मचारी नेता सुधांशु प्रताप सिंह, बैरिस्टर सिंह, संजय तिवारी, तरून वर्मा, पुनीत सिंह तथा राधेश्याम वर्मा आदि ने पानी में खड़े होकर विरोध जताते हुए कहा कि मिल का ड्रेनेज सिस्टम काफी पुराना है।
मिल परिसर के साथ-साथ अन्य इलाकों का पानी भी इसी सिस्टम से जोड़ दिया गया है। निकासी बेहतर न होने के चलते बारिश होते ही घरों में पानी भर जाता है। इन लोगों ने मिल प्रबंधन और जिला प्रशासन से चीनी मिल परिसर की ड्रेनेज व्यवस्था चुस्त दुरुस्त किए जाने की मांग की।
इस संबंध में चीनी मिल के महाप्रबंधक विधि एवं कार्मिक राजीव अग्रवाल ने बताया कि मिल का ड्रेनेज सिस्टम काफी सकरा है। इसे बेहतर करने के लिए मिल के उच्चाधिकारियों तथा जिला प्रशासन से बात की जाएगी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं का हर संभव समाधान किया जाएगा।
बलरामपुर चीनी मिल कालोनी के आवासों में भरे बारिश के पानी में खड़े होकर विरोध जताते कर्मचारी।- फोटो : BALRAMPUR
बलरामपुर के गांगनार चकवा के पास डिप पर भारी बारिश के कारण हुए जलभराव के पानी में फंसे वाहन।- फोटो : BALRAMPUR