बलरामपुर। बहुचर्चित स्वास्थ्य घोटाले की जांच अब पूरे देवीपाटन मंडल तक पहुंच गई है। सूत्रों के अनुसार विजिलेंस ने जांच का दायरा बलरामपुर के साथ गोंडा, श्रावस्ती और बहराइच तक बढ़ा दिया है। बीते कुछ दिनों में टीमों ने गोंडा और श्रावस्ती में कई लोगों से पूछताछ कर दस्तावेजों का सत्यापन किया है, जबकि बहराइच में पहले बंद हो चुकी जांच को नए तथ्यों के आधार पर दोबारा शुरू करने की तैयारी चल रही है।
जिले में मिले दस्तावेज की पड़ताल में पूर्व विधायक मुकेश श्रीवास्तव व उनके भाई अजय श्रीवास्तव के बारे में अहम जानकारी मिली है।
सूत्रों का कहना है कि विजिलेंस की अलग-अलग टीमें भुगतान संबंधी अभिलेख, विभागीय रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों का मिलान कर यह पता लगाने में जुटी हैं कि बलरामपुर में सामने आई कथित अनियमितताओं के तार अन्य जिलों से भी जुड़े थे या नहीं।
जांच के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आने की बात कही जा रही है, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। आवश्यकता पड़ने पर अन्य अधिकारियों, कर्मचारियों और निजी व्यक्तियों से पूछताछ की जा सकती है। इधर, घोटाले के मुख्य आरोपी एवं पूर्व विधायक के भाई की गिरफ्तारी के लिए भी विजिलेंस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
सूत्रों के मुताबिक, विभिन्न जिलों से जुटाए जा रहे साक्ष्यों का आपसी मिलान किया जा रहा है ताकि पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ी जा सकें। विजिलेंस ने फिलहाल जांच पर गोपनीयता बनाए रखी है, लेकिन जांच की बढ़ती रफ्तार से स्वास्थ्य विभाग में हलचल तेज हो गई है।