बलरामपुर। राष्ट्रीय राजमार्ग बलरामपुर-बहराइच पर देहात क्षेत्र के घुघुलपुर गांव के पास शनिवार रात करीब 8:30 बजे तेज रफ्तार डीसीएम से बाइक की टक्कर हो गई। हादसे में नगर क्षेत्र के ग्राम भीखमपुर निवासी शादाब (25) व एहतेशाम (20) की मौत हो गई। दोनों बाइक से श्रावस्ती बौद्ध तीर्थ स्थल गए थे। भीखमपुर गांव लौटते समय हादसा हुआ।
ग्राम प्रधान भीखमपुर शफीक ने बताया कि शादाब मामा के बेटे एहतेशाम के साथ शनिवार को श्रावस्ती बौद्ध तीर्थ स्थल घूमने गए थे। लौटते समय घुघुलपुर गांव के पास बहराइच-बलरामपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर तेज रफ्तार डीसीएम चालक ने सामने से उनकी बाइक को टक्कर मार दी। सड़क हादसे में दोनों भाइयों की मौके पर मौत हो गई। चालक डीसीएम छोड़कर भाग गया। प्रभारी निरीक्षक गिरजेश तिवारी ने बताया कि डीसीएम को कब्जे में ले लिया गया है। जांच की जा रही है।
सात जनवरी को था हैदराबाद का टिकट
घर पर जैसे ही दोनों भाइयों का शव पहुंचा वैसे ही कोहराम मच गया। मां, भाई व बहनों का रो-रोकर हाल बेहाल है। ग्राम प्रधान भीखमपुर शफीक ने बताया कि दोनों की अभी शादी नहीं हुई थी। दोनों हैदराबाद में निजी कंपनी में नौकरी करते थे। दोनों युवक बहुत होनहार थे। सात जनवरी को हैदराबाद जाने का टिकट था। दोनों हैदराबाद जाने से पहले बौद्ध तीर्थ स्थल श्रावस्ती का भ्रमण करने गए थे। गांव के लोग घर पहुंचकर मां-बाप व भाई-बहनों को ढांढस बंधा रहे हैं।
गमगीन माहौल में एक ही गांव सं उठे दो जनाजे
भीखमपुर गांव में रविवार को जब दो जनाजे एक साथ उठे तो माहौल गमगीन हो गया। कब्रिस्तान में दोनों भाइयों के जनाजे दफन के लिए पहुंचे तो सभी की आंखें नम हो गईं।
शादाब के पिता रियाज अहमद ने बताया कि पत्नी अनारजहां का रो-रोकर हाल बेहाल है। चार बेटे हैं। शादाब तीसरे नंबर पर थे। सबसे बड़े बेटे मोहम्मद अफरोज, दूसरे नंबर पर सरफराज व चौथे नंबर पर मोहम्मद नौशाद हैं। दो बेटों की शादी हो गई है, बेटियां नहीं हैं।
एहतेशाम के पिता रिजवान उल्ला ने बताया कि चार बेटे हैं। एहतेशाम तीसरे नंबर पर थे। बड़े बेटे इश्तियाक व दूसरे नंबर के बेटे जीशान की शादी हो चुकी है। छोटा बेटा मोहम्मद हरशाम साथ में रहता है। रोजी-रोटी के सिलसिले में एहतेशाम व शादाब हैदराबाद में रहते थे। बेटे की मौत से मां कमरुननिशा का रो-रोकर हाल बेहाल है।