फोटो-38-अपनी मां के साथ मौजूद आशीष।-स्रोत : विभाग
बलरामपुर। मां की डांट से नाराज होकर चार साल पहले घर से निकला 10 वर्षीय बालक मंगलवार को आखिरकार अपनी मां तक पहुंच गया। तुलसीपुर पुलिस ने उसे गोंडा के सुभागपुर रेलवे स्टेशन के पास दत्तनगर पथरकट कॉलोनी से बरामद किया। बेटे को सामने देख विधवा मां की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े।
नई बाजार बैरागीपुरवा निवासी रहीमा ने 13 सितंबर 2022 को अपने बेटे के लापता होने की सूचना पुलिस को दी थी। मामले में पुलिस ने अपहरण की धारा 363 के तहत केस दर्ज कर तलाश शुरू की थी।
पुलिस की जांच में पता चला कि मां की डांट से नाराज होकर बालक तुलसीपुर रेलवे स्टेशन पहुंचा था। वहां से ट्रेन में बैठकर गोंडा चला गया। गोंडा रेलवे स्टेशन के पास वह रोते हुए मिला। दत्तनगर निवासी गुड्डन पथरकट उसे अपने घर ले गईं। उन्होंने बालक का नाम आशीष रख दिया और अपने बच्चे की तरह उसका पालन-पोषण किया।
पुलिस ने बालक की तलाश में गोंडा समेत कई जिलों में छानबीन की। 10 अगस्त को एक मामले की जांच के दौरान पुलिस को उसके गोंडा में होने की जानकारी मिली। इसके बाद टीम ने उसे बरामद कर परिजनों से पहचान कराई। पहचान होने पर परिजनों ने उसे अपना बेटा बताया।
एसपी विकास कुमार ने बताया कि बालक को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है। आवश्यक कार्रवाई पूरी होने के बाद उसे उसकी मां के सुपुर्द कर दिया जाएगा।