तुलसीपुर। नगर पंचायत की महत्वाकांक्षी बारात घर परियोजना को बड़ा झटका लगा है। नगर के मध्य स्थित जर्जर दीनदयाल सभागार परिसर में बरात घर बनाने की योजना को शासन ने तकनीकी मानकों के आधार पर निरस्त कर दिया है। शासन के अनुसार उपलब्ध भूमि आधुनिक एवं सर्वसुविधायुक्त बरात घर के निर्माण के लिए निर्धारित मानकों से कम है, इसलिए इस स्थल को अनुपयुक्त माना गया।
शासन से मिली आपत्ति के बाद नगर पंचायत ने अब बारात घर के लिए वैकल्पिक भूमि की तलाश तेज कर दी है। इसके साथ ही नगर में वाहन स्टैंड, पार्किंग स्थल और बच्चों व बुजुर्गों के लिए आधुनिक पार्क विकसित करने की योजना पर भी काम किया जा रहा है। बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए इन सुविधाओं का नगर सीमा के भीतर होना आवश्यक माना जा रहा है। नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि अदनान फिरोज ने बताया कि दीनदयाल सभागार की केंद्रीय स्थिति को देखते हुए शासन स्तर पर कई बार परियोजना की पैरवी की गई, लेकिन तकनीकी मानकों के कारण इसे स्वीकृति नहीं मिल सकी।
वहीं, नगर पंचायत प्रशासन के सामने जर्जर दीनदयाल सभागार के भविष्य को लेकर नई चुनौती खड़ी हो गई है। नगर पंचायत अध्यक्ष स्वर्गीय फिरोज पप्पू के छोटे भाई अफरोज अहमद ने कहा कि यह उनके भाई का ड्रीम प्रोजेक्ट था। उनका उद्देश्य नगर के गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को कम लागत में विवाह समारोह की सुविधा उपलब्ध कराना था।