उतरौला/बलरामपुर। उतरौला तहसील सभागार में शनिवार को जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। डीएम विपिन कुमार जैन व एसपी विकास कुमार ने पीड़ितों के शिकायतों की सुनवाई की। तीनों तहसीलों में 96 प्रार्थना पत्र आए। सुनवाई के दौरान सिर्फ 16 लोगों के प्रार्थना पत्रों का निस्तारण हो सका। बाकी बचे प्रार्थना पत्रों का निस्तारण कराने के लिए पुलिस व राजस्व की संयुक्त टीम मौके पर भेजी गई।
उतरौला तहसील सभागार में जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में सुनवाई के दौरान दोपहर करीब 12.10 बजे बकसरिया गांव के छोटे लाल ने प्रार्थना पत्र दिया। बताया कि अतिक्रमण हटवाने के लिए कई बार से दफ्तरों का चक्कर काट रहा हूं लेकिन अभी तक समस्या का निस्तारण नहीं हो सका है। डीएम ने उतरौला एसडीएम अभय कुमार सिंह को इनकी समस्या का निस्तारण कराने की जिम्मेदारी दी।
ग्राम कोल्हुई बिनोहनी निवासी राम आशीष, अमरेश, सत्यराम, राम दिवाकर व सुधांशु आदि ने प्रार्थना पत्र दिया। कहा कि नट बिरादरी को पहले अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र जारी किया जाता था, लेकिन अब बंद कर दिया गया। इससे हमारी बिरादरी के युवक-युवतियों को सरकारी नौकरियों में आरक्षण का लाभ नहीं मिल पा रहा है। गैड़ास बुजुर्ग के ग्राम पकड़ी भुवार निवासी शिवशंकर वर्मा ने बिजली की समस्या का निराकरण कराने की मांग की। जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में 24 प्रार्थना पत्र आए, जिसमें छह का निस्तारण हुआ। डीएम ने बाकी बचे 18 प्रार्थना पत्रों का पुलिस व राजस्व की संयुक्त टीम को मौके पर जाकर निस्तारण कराने का निर्देश दिया।
तुलसीपुर तहसील में सीडीओ हिमांशु गुप्त ने संपूर्ण समाधान दिवस में आए पीड़ितों के शिकायतों की सुनवाई की। इस दौरान 27 प्रार्थना पत्र आए, जिसमें सात का निस्तारण हुआ। बाकी 20 प्रार्थना पत्रों का निस्तारण कराने के लिए पुलिस व राजस्व की टीम भेजी गई। इस दौरान एसडीएम राकेश कुमार जयंत व सीओ डॉ. जितेंद्र कुमार मौजूद रहे।
सदर तहसील में एडीएम वित्त एवं राजस्व ज्योति राय ने पीड़ितों के शिकायतों की सुनवाई की। यहां 45 प्रार्थना पत्र आए, जिसमें तीन का निस्तारण हुआ। 42 प्रार्थना पत्रों का निस्तारण कराने के लिए टीम भेजी गई। इस दौरान सदर एसडीएम हेमंत कुमार गुप्त, सीओ सिटी ज्योतिश्री व सीओ ललिया डीके श्रीवास्तव मौजूद रहे।