बलरामपुर। जिले में डेढ़ माह के अंदर अब तक 15946.78 एमटी गेहूं की खरीद की जा चुकी है। जिले के सभी 54 क्रय केंद्रों पर किसानों से गेहूं खरीदा जा रहा है। जिले में 2916 किसानों से 3149.49 लाख रुपये का गेहूं खरीदा जा चुका है जिसकी तुलना में 2332.66 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
बाकी बचे 816.83 लाख रुपये बकाया भुगतान कराने के लिए क्रय एजेंसियों के प्रबंधकों को निर्देश दिए गए हैं। जिले के किसी भी क्रय केंद्र पर अब अन्नदाता अपनी सुविधा अनुसार अपना गेहूं बेंच सकेंगे।
जिला खरीद अधिकारी/एडीएम वित्त एवं राजस्व अरुण कुमार शुक्ल ने जिले के किसानों से समस्या निराकरण के लिए कंट्रोल रुम पर संपर्क करने की अपील की है।
डिप्टी आरएमओ नरेंद्र कुमार तिवारी ने बुधवार को बताया कि रबी क्रय वर्ष 2020-21 में एक अप्रैल से 11 मई तक इस वर्ष किसानों को अब किसी भी क्रय केंद्र पर गेहूं बेंचने की छूट दी गई है।
जिले में खाद्य विभाग के 13, पीसीएफ के 20, यूपीएसएस के 19, भारतीय खाद्य निगम व मंडी समिति के एक-एक क्रय केंद्रों पर नियमित गेहूं की खरीद की जा रही है। खाद्य विभाग ने 579 किसानों से 2600.05 एमटी, पीसीएफ ने 1069 किसानों से 6097.845 एमटी, यूपीएसएस ने 1193 किसानों से 4847.029 एमटी, भारतीय खाद्य निगम ने 33 किसानों से 214.240 एमटी और मंडी समिति ने 42 किसानों से 147.740 एमटी गेहूं की खरीद की है।
सभी क्रय एजेंसियों ने जिले के 2916 किसानों से 3149.49 लाख रुपये का गेहूं खरीदा है जिसकी तुलना में 2342.66 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया है। बाकी बचे 816.83 लाख रुपये का निर्धारित समय के अंदर किसानों को भुगतान करने के लिए सभी क्रय एजेंसियों के प्रबंधकों को निर्देश दिए गए हैं।
डिप्टी आरएमओ लगातार क्रय केंद्रों का औचक निरीक्षण कर गेहूं खरीद के बारे में जानकारी जुटाकर शासन व जिले के उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट उपलब्ध करा रहे हैं। सभी क्रय केंद्र प्रभारियों को गेहूं खरीद में तेजी लाने का निर्देश दिया गया है। सरकारी क्रय केंद्रों पर किसानों से खरीद गए गेहूं का प्रति क्विंटल 1975 रुपये की दर से भुगतान किया जा रहा है।
गेहूं खरीद के सुचारु संचालन, अनुश्रवण, पर्यवेक्षण व किसानों के शिकायतों का निस्तारण कराने के लिए डिप्टी आरएमओ के दफ्तर में कंट्रोल रुम की स्थापना की गई है। कंट्रोल रुम के मोबाइल नंबर 8354986032 पर प्रात: 10 बजे से सायं पांच बजे तक कार्य दिवस के दौरान फोन करके शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। कंट्रोल रुम के नंबर पर आने वाली सभी शिकायतें तत्काल निस्तारित कराई जा रही हैं।