बलरामपुर। जिले के 96 बकायादारों से 44 लाख रुपये की वसूली का अंतिम नोटिस जारी कर दिया गया है। 30 अगस्त तक बकाया न चुकाने वाले बकायादारों के खिलाफ विधिक कार्रवाई किए जाने की चेतावनी दी गई है। पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम से कारोबार करने के लिए लोन लिया गया था। वित्त वर्ष 1995 से लेकर 2008 तक कारोबारियों को ऋण बांटे गए थे। ब्याज एवं दंड ब्याज सहित बकाया धनराशि वापस करने की नोटिस जारी की गई है।
उत्तर प्रदेश पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम लिमिटेड बलरामपुर के जिला प्रबंधक अश्विनी कुमार ने सोमवार को बताया कि वित्त वर्ष 1995 से 2008 तक टर्म लोन/ मार्जिन मनी के तहत 96 बकायादारों ने अभी तक ऋण का भुगतान नहीं किया है। इन सभी बकायादारों को 17,21,980 रुपये का ऋण दिया गया था।
समय से ऋण न चुकाने पर इन सभी बकायादारों को मूलधन के साथ 2,88,662 रुपये ब्याज व 23,74,332 रुपये दंड ब्याज सहित 43,81,670 रुपये ऋण जमा करने की अंतिम नोटिस जारी कर दी गई है। 30 अगस्त तक बकाया न जमा करने और नोटिस का जवाब न देने वाले बकायादारों के खिलाफ विधिक कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी।
वरिष्ठ सहायक एसके पांडेय ने बताया कि बिजलीपुर शंकरपुर निवासी नंदलाल ने पीसीओ के लिए 66,500 रुपये, पुरानी बाजार तुलसीपुर निवासी धुनई प्रसाद ने रेस्टोरेंट के लिए 95,000 रुपये, देवरावां रामपुर बनघुसरा निवासी ओम प्रकाश ने खाद की दुकान के लिए 76,000 रुपये, कोयलरा निवासी मुनीर ने नाई की दुकान के लिए 47,500 रुपये व बंजारीपुरवा निवासी उमानाथ ने मसाला उद्योग के लिए 47,500 रुपये सहित 96 लोगों ने पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम से ऋण लिया था।
इन सभी बकायादारों के समय से ऋण की अदायगी न करने पर ब्याज व दंड ब्याज लगाकर वसूली की जा रही है। अब ब्याज व दंड ब्याज सहित नंदलाल को 2,07,718 रुपये, धुनई को 2,80,350 रुपये, ओम प्रकाश को 1,99,807 रुपये, मुनीर को 1,48,489 रुपये और उमानाथ को 1,48,549 रुपये सहित सभी 96 बकायादारों को पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम को 30 अगस्त तक हर हाल में वापस करने होंगे। निर्धारित तिथि के अंदर बकाया न जमा करने वाले बकायादारों के खिलाफ विधिक कार्रवाई का शिकंजा कसा जाएगा।