महराजगंज तराई (बलरामपुर)। तुलसीपुर विकास खंड अंतर्गत कई ग्राम पंचायतों के पंचायत भवनों में ताला लटक रहा है। पंचायत सहायक हमेशा गायब रहते हैं। पंचायत भवन बंद होने और पंचायत सहायकों के गायब रहने से ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर पंचायत भवन नियमित रूप से संचालित कराए जाने की मांग की है।
तुलसीपुर ब्लॉक के ग्राम लालपुर, लैबुड्डी, लोहेपनिया, विजयीडीह व साहेबनगर के पंचायत भवन हमेशा बंद रहते हैं। इससे ग्रामीणों को जन्म प्रमाणपत्र, मृत्यु प्रमाणपत्र, विधवा पेंशन व वृद्धा पेंशन बनवाने के लिए ब्लॉक मुख्यालय तक दौड़ लगानी पड़ रही है। कंप्यूटर सिस्टम के लिए सरकार द्वारा दिए गए एक लाख 75 हजार रुपये खर्च करने के बावजूद पंचायत भवनों में हमेशा ताला ही बंद रहता है।
क्षेत्रवासी सहजराम, रामकुमार मिश्र, किशोरी लाल यादव, राहुल यादव, श्याम सुंदर, सूर्यनारायण मिश्र, रामफेरन प्रजापति, लक्ष्मन प्रसाद, अभिषेक शुक्ल, मंशाराम, बेचन पासवान, महंगू व स्वामीनाथ मिश्र सहित अन्य का कहना है कि पंचायत सहायकों को नियुक्त करने का उद्देश्य था कि ग्राम पंचायत स्तर पर ही सरकार की योजनाओं का लाभ ग्रामीणों को मिल सके। उनको मानदेय तो मिल रहा है, लेकिन वे कभी कभार ही पंचायत भवन पहुंचते हैं। इन लोगों ने डीएम को पत्र भेजकर पंचायत भवन का नियमित संचालन कराए जाने की मांग की है।
इस संबंध में सहायक विकास अधिकारी पंचायत कृष्ण कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पंचायत स्तरीय कार्य में कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जांच कराई जा रही है। पंचायत भवन बंद पाए जाने पर संबंधित पंचायत सहायक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।