बलरामपुर। हरैया सतघरवा थाना क्षेत्र के गुगौली खुर्द के मजरा मंगलपुरवा गांव में एक पशुपालक के पशुशाला में तेंदुए ने हमला कर मवेशी को निवाला बना लिया है। पशुपालक के साथ ग्रामीणों ने शोर मचाकर तेंदुए को जंगल की तरफ खदेड़ा है। ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग की तरफ से पीड़ितों को कोई मदद नहीं दी जा रही है। जंगल से सटे गांवों में तेंदुओं का कहर जारी है। रेंजर ने जंगल से सटे गांव के ग्रामीणों को जंगली जानवरों से सतर्क रहने की सलाह दी है।
मंगलपुरवा निवासी अश्वनी कुमार द्विवेदी ने मंगलवार को बताया कि रात के समय उनकी पशुशाला में तेंदुए ने उनके एक मवेशी का शिकार कर निवाला बना लिया है। पड़ोसी संजय कुमार पांडेय ने तेंदुए को देखकर शोर मचाना शुरू किया। शोर सुनकर परिजन व ग्रामीण मौके पर पहुंचे और टॉर्च की रोशनी जलाकर तेंदुए का भगाया।
ग्रामीण वीरेंद्र कुमार, राम कुमार, रवि कुमार व दिनेश कुमार आदि ने वन विभाग के अफसरों व कर्मियों पर सहयोग न करने का आरोप लगाया। कहा कि जंगल से सटे गांवों में लगातार जंगली जानवरों का हमला जारी है। तमाम शिकायत के बाद भी वन विभाग के अफसरों की तरफ से सुरक्षा संबंधी मदद नहीं की जा रही है।
रेंजर बरहवा राकेश कुमार सिंह ने बताया कि बताया कि मौके पर वन विभाग की टीम भेजी गई है। पगचिह्न के आधार पर जंगली जानवर की पहचान की जाएगी। रेंजर ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है। समूह में रहने और रात में घरों के आसपास रोशनी का इंतजाम रखने का सुझाव दिया है।