पिपरहवा चौराहा। तुलसीपुर-हरैया मार्ग पर स्थित खैरी के कठरिहवा पुल के निर्माण को लेकर क्षेत्रवासियों का लंबा इंतजार आखिरकार खत्म हो गया। 3 करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से यहां नए पुल का निर्माण कराया जाएगा। नए पुल से न केवल आवागमन सुरक्षित होगा, बल्कि भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र और बहराइच आवागमन आसान होगा। पीडब्ल्यूडी ने पुराने जर्जर पुल को तोड़ने का काम शुरू कर दिया है।
यह मार्ग बारदौलिया बाजार, चौधरीडीह, मणिपुर बाजार, महमूद नगर, लाल नगर और पिपरहवा बाजार जैसे प्रमुख व्यापारिक केंद्रों को जोड़ता है। इस रास्ते से प्रतिदिन छोटे-बड़े वाहनों के साथ लगभग 200 से अधिक गांवों के लोग आवागमन करते हैं। पुल के जर्जर होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
तेज बरसात के चलते कठरिहवा पुल के पिलर में दरार आ गई थी। स्थिति को देखते हुए पीडब्ल्यूडी ने नौ जुलाई से पुल के दोनों ओर दीवार खड़ी कर आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया था। इसके बाद बगल के बाईपास मार्ग से यातायात कराया जा रहा था, जिससे दूरी और समय दोनों बढ़ गए थे। नए पुल के निर्माण के लिए धनराशि जारी होने के बाद क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली है। लोगों का कहना है कि इससे न सिर्फ सफर आसान होगा, बल्कि व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच भी बेहतर होगी। कठरिहवा पुल भारत-नेपाल सीमा से सटे इलाकों और बहराइच जिले को जोड़ने वाली अहम कड़ी है। पुल बनने से सीमावर्ती गांवों का संपर्क मजबूत होगा और आवागमन सुरक्षित बनेगा।
ग्रामीणों में खुशी
ग्राम प्रधान हरिश्चंद्र शर्मा, महेश कुमार यादव, भाजपा मंडल अध्यक्ष महंत राम गुप्ता, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अब्दुल कलाम खान, शिवकुमार मिश्र, तुलसीदास गुप्ता और पूर्व प्रधानाध्यापक विनोद कुमार द्विवेदी समेत अन्य लोगों ने पुल निर्माण पर खुशी जताई है।
बरसात से पहले पूरा होगा काम
पुल निर्माण के लिए बजट जारी कर दिया गया है। बरसात से पहले निर्माण कार्य पूरा कर आवागमन शुरू करा दिया जाएगा।
- रवि यादव, जेई पीडब्ल्यूडी