सादुल्लाहनगर। नलकूप बंद होने से गन्ने की सिंचाई प्रभावित शीर्षक से अमर उजाला में 11 मई को प्रकाशित खबर का असर देखने को मिला। समाचार प्रकाशित होने के बाद नलकूप विभाग तत्काल सक्रिय हो गया और संबंधित गांवों में राजकीय नलकूपों का स्थलीय निरीक्षण किया गया।
नलकूप खंड-बलरामपुर के अधिशासी अभियंता द्वारिका प्रसाद ने बताया कि विभाग ने 11 मई को क्षेत्र के कई राजकीय नलकूपों की जांच कराई। जांच रिपोर्ट के अनुसार सादुल्लाहनगर की नलकूप संख्या 56 यूजी, नेवादा की 178 यूजी, भेल्या मदनपुर की 127 यूजी तथा पतकरपुर की 84 यूजी वर्तमान में सुचारु रूप से संचालित पाए गए हैं और सिंचाई कार्य जारी है। बताया कि कोडरी नेवादा स्थित नलकूप संख्या 191 यूजी तथा गोल्हीपुर स्थित नलकूप संख्या 181 यूजी को जल वितरण प्रणाली आधुनिकीकरण परियोजना में शामिल किया गया है। इन नलकूपों के आधुनिकीकरण से पानी की बर्बादी रुकेगी तथा सिंचाई व्यवस्था अधिक प्रभावी हो सकेगी। अधिशासी अभियंता ने कहा कि जिन नलकूपों की जल वितरण प्रणाली, नालियां या पाइपलाइन जर्जर अवस्था में हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत योजना में शामिल किया जाएगा। ताकि किसानों को समय पर सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराया जा सके और गन्ना समेत अन्य फसलों को नुकसान न हो।