उतरौला। राप्ती नदी में डूबकर लापता हुई दो वर्षीय मासूम का शव 24 घंटे बाद नदी किनारे जिगना घाट साइफन के पास मिला है। शव बरामद होते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। ननिहाल आई बच्ची की मौत से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
सिद्धार्थनगर जिले के ढेबरुआ थाना क्षेत्र स्थित मलगहिया गांव निवासी आरिफ खान की दो वर्षीय पुत्री हरीम इन दिनों अपने ननिहाल गैंड़ास बुजुर्ग क्षेत्र के ग्राम तय्यबपुर परसौना आई हुई थी। रविवार को वह परिवार के अन्य सदस्यों के साथ राप्ती नदी किनारे गई थी। इसी दौरान नहाते समय अचानक उसका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में चली गई। देखते ही देखते मासूम नदी की तेज धारा में ओझल हो गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। नदी में बच्ची की तलाश के लिए गोताखोरों की मदद ली गई। बांकभवानी चौकी इंचार्ज किसलय मिश्र व हेड कांस्टेबल विनय मौर्य समेत पुलिस टीम ने लगातार अभियान चलाया, लेकिन पहले दिन सफलता नहीं मिली। सोमवार को भी खोजबीन जारी रही। शाम करीब पांच बजे जिगना घाट साइफन के पास नदी में एक शव दिखाई दिया। पुलिस और गोताखोरों ने उसे बाहर निकाला तो उसकी पहचान हरीम के रूप में हुई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। थानाध्यक्ष गैंड़ास बुजुर्ग राना प्रताप सिंह ने बताया कि शव का पंचनामा भरकर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई है। इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।