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Balrampur News: ड्रोन ट्रैंकुलाइजर व अलार्म सिस्टम से सुरक्षित होगा मानव जीवन

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बलरामपुर के कलेक्ट्रेट में पीड़ित परिवार को चेक सौंपते राज्य मंत्री अरूण कुमार सक्सेना।-स्रोत: 
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बलरामपुर। सोहेलवा वन्यजीव प्रभाग क्षेत्र में लगातार तेंदुआ और बाघ के हमले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गंभीर हुए हैं। सोमवार को उन्होंने घटना की जानकारी ली। वन, पर्यावरण, जंतु उद्यान एवं जलवायु परिवर्तन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. अरुण कुमार सक्सेना को पूरी टीम के साथ सोमवार को प्रभावित क्षेत्र में भेजा। वन मंत्री ने कलेक्ट्रेट सभागार में मृतक मासूम रोहित के परिजनों को चेक सौंपा। इस दौरान उन्होंने कहा कि ड्रोन ट्रैंकुलाइजर व अलार्म सिस्टम से वन क्षेत्रों के पास के लोगों को सुरक्षित किया जाएगा। हमारी कोशिश मानव और वन्यजीव संघर्ष को रोकना है।
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वन विभाग के अनुसार 463 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैले सोहेलवा वन्यजीव क्षेत्र में चार तक बाघ, 150 से अधिक तेंदुए, 10 हाथी, 1000 लकड़बग्घे, 500 हिरन, 500 से अधिक छोटा चीतल व एक हजार से अधिक वनरोज रहते हैं। भोजन व पानी की तलाश में अक्सर वन्यजीव गांवों में आ जाते हैं। वन मंत्री को पता चला कि जंगल क्षेत्र में नेटवर्क नहीं रहता है। ऐसे में तेंदुआ निकलने पर जानकारी नहीं हो पाती है। इससे 300 गांव प्रभावित होते हैं।
इसके लिए वन मंत्री ने ऑटोमेटिक अलार्म की सुविधा पर जोर दिया। बताया कि प्रस्ताव मांगा गया है। इसके तहत जंगल क्षेत्र के गांवों में अलार्म लगाया जाएगा। तेंदुआ, भेड़िया, बाघ दिखने पर बटन दबाकर लोगों को सचेत किया जा सकेगा। वन विभाग के पास वन्यजीवों के नियंत्रण के संसाधन के लिए उन्होंने प्रमुख वन संरक्षक सुनील चौधरी को निर्देश दिया। कहा कि ड्रोन बेस ट्रैकुलाइजर उपलब्ध कराएं। इससे हिंसक जंगली जानवरों को नियंत्रित करने में आसानी होगी। जंगल क्षेत्र को सेक्टर व जोन में बांटकर सुरक्षा मुहैया कराया जाए।
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सुरक्षा समिति और तेंदुआ मित्र पर दिया जोर
वन मंत्री ने पीड़ित परिवार को सहायता देने के बाद समीक्षा बैठक की। उन्होंने संवेदनशील क्षेत्रों में रेड अलर्ट जोन बनाने, जोन व सेक्टर आधारित पेट्रोलिंग बढ़ाने और रिस्पॉन्स टाइम न्यूनतम करने के लिए कदम उठाने का निर्देश दिया। ड्रोन, कैमरा ट्रैप और आधुनिक वायरलेस सिस्टम की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया। वन क्षेत्र से सटे गांवों में ग्राम सुरक्षा समिति का गठन, तेंदुआ मित्र वालंटियर तैयार करने और वन विभाग, पुलिस, राजस्व व पंचायती राज विभाग के बीच समन्वय मजबूत करने के लिए कहा। बैठक में विधायक बलरामपुर सदर पल्टूराम, जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन, प्रधान मुख्य वन संरक्षक सुनील चौधरी, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (मध्य क्षेत्र) रेणु सिंह, प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव, पूर्वी क्षेत्र) अशोक प्रसाद सिन्हा, एवं हेड प्रोजेक्ट टाइगर राम कुमार भी मौजूद रहे।
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