बलरामपुर। 21 दिन से होम क्वारंटीन व्यक्तियों पर नजर रखने के लिए समिति गठित की गई है। डीएम कृष्णा करुणेश ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में तीनों तहसीलों के एसडीएम, स्वास्थ्य विभाग व जनपद स्तरीय अधिकारियों के साथ बैठक की।
बैठक में डीएम ने कहा कि जिले में भारी संख्या में प्रवासी श्रमिक/कामगार लौट रहे है। शासन के गाइड लाइंस के अनुसार अन्य राज्यों से लौटने वाले सभी प्रवासी व्यक्तियों का मेडिकल चेकअप/स्क्रीनिंग कराते हुए 21 दिनों के लिए होम क्वारंटीन भेजा जा रहा है। होम क्वारंटीन किए गए व्यक्तियों पर नजर रखने के लिए ग्रामीण व नगर निकायों में समितियां गठित की गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम प्रधान, आशा, एएनएम, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, चौकीदार व युवक मंडल दल के प्रतिनिधि आदि निगरानी रखेंगे।
शहरी क्षेत्रों में मोहल्ला निगरानी समितियों का गठन किया गया है जो होम क्वारंटीन व्यक्तियों पर नजर रखेंगी। तीनों तहसीलों के एसडीएम व सभी 9 ब्लॉकों के बीडीओ को डीएम ने निर्देश दिया कि समितियों की तरफ से यह सुनिश्चित कराएं कि 21 दिनों के होम क्वारंटीन का अनुपालन सभी ढंग से प्रवासी व्यक्तियों की तरफ से किया जा रहा है कि नहीं। इसके साथ ही निगरानी समितियां यह सुनिश्चित करें कि होम क्वारंटीन व्यक्ति के परिवार को समस्त राहत योजनाओं का लाभ मिलता रहे।
निगरानी समिति चोरीछिपे गांव के प्रवेश करने वाले व्यक्ति की सूचना तत्काल प्रशासन को दें। बाहर से आने वाले प्रवासी व्यक्तियों के मेडिकल जांच/स्क्रीनिंग के लिए प्रत्येक तहसील में पांच पांच स्क्रीनिंग प्वाइंट बनाए गए है। प्रत्येक स्क्रीनिंग प्वाइंट पर मेडिकल टीम तैनात की गई है। गठित निगरानी समिति का ट्रेनिंग कराए जाने के लिए डीएम ने सीडीओ अमनदीप डुली को जिम्मेदारी सौंपी है।