बलरामपुर। गर्मी ने एक बार फिर सितम ढाना शुरू कर दिया है। शनिवार को कई परिषदीय विद्यालयों में शनिवार को गर्मी के चलते आठ बच्चों की हालत बिगड़ गई। आनन-फानन में अस्पताल पहुंचाया गया, जहां हालत में सुधार होने पर उन्हें घर भेज दिया गया।
कंपोजिट विद्यालय लखाही में रोजाना की तरह विद्यालय परिसर में बच्चे कमरों में बैठकर पढ़ाई कर रहे थे। एकाएक गर्मी के चलते बच्चों की तबीयत बिगड़ने लग गई। कुछ बच्चे गर्मी से घबराने लगे और कुछ बच्चे बेहोश हो गए। विद्यालय में तैनात शिक्षकों ने बच्चों को कक्षाओं से बाहर खुले आसमान में लाकर बैठाया। कक्षा 7 की राबिया व शनी व कक्षा तीन के तबरेज तबीयत इतनी बिगड़ गई कि बच्चे कक्षाओं में बेहोश हो गए। बच्चों के बेहोश होते ही शिक्षक ने इस बात की सूचना विभाग में दी और बच्चों को चिकित्सा सुविधा मुहैया कराया। इसी तरह कंपोजिट विद्यालय मुजहैनी में दो बच्चे बेहोश हो गए। प्राथमिक विद्यालय कुकुरभुकवा, प्राथमिक विद्यालय खजुरिया, प्राथमिक विद्यालय बेलहा में भी एक-एक बच्चे गर्मी के चलते बेहोश हो गए।
स्कूल के समय में हो परिवर्तन
उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष ज्ञान सागर पाठक व संयुक्त मंत्री शिव कुमार सोनी ने बीएसए को ज्ञापन सौंपकर स्कूल का समय बदलने की मांग है। वहीं, उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अजय प्रताप सिंह व जिला मंत्री मंगलदेव मिश्र ने कहा कि उमसभरी गर्मी में बिजली कटौती होने से बच्चे गर्मी बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं।
कराई जाएगी मामले की जांच
शनिवार को कई स्कूलों मेंं बच्चों के बेहोश होने की सूचना मिली है। कुछ बच्चों की तबीयत पहले से ही खराब थी। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें घर भेज दिया गया है। जल्द ही समय परिवर्तन को लेकर भी विचार किया जाएगा।
-शुभम शुक्ला, बीएसए