बलरामपुर। परिवार नियोजन के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए इस बार विश्व जनसंख्या दिवस दो चरणों में मनाया जाएगा। पहले चरण में 10 जुलाई तक दंपती संपर्क पखवाड़ा और दूसरे चरण में 11 से 31 जुलाई तक सेवा प्रदायगी जनसंख्या स्थिरता पखवाड़े का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के कर्मी घर-घर जाकर लोगों को परिवार नियोजन के साधनों की जानकारी देते हुए जागरूक करेंगे।
एसीएमओ व आरसीएच के नोडल अफसर डॉ. बीपी सिंह ने बताया कि कोविड-19 महामारी में भी जनसंख्या नियंत्रण के लिए परिवार नियोजन कार्यक्रम को गति प्रदान की जाएगी। दोनों पखवाड़ों के माध्यम से जन साधारण को परिवार नियोजन के साधनों की जानकारी देते हुए उसे अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। सामाजिक एवं व्यक्तिगत दूरी का ध्यान रखते हुए परिवार नियोजन का व्यापक रूप से प्रचार-प्रसार किया जाएगा। सार्वजनिक स्थानों और स्वास्थ्य केंद्रों पर परिवार नियोजन से संबंधित पोस्टर व बैनर लगाए जाएंगे। जगह-जगह वॉलपेंटिंग भी कराई जाएगी।
पखवाड़े के दौरान लाभार्थियों को गर्भनिरोधक इंजेक्शन अंतरा तथा प्रसव पश्चात आईयूसीडी सेवाओं को अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर परिवार नियोजन के सभी साधन मुफ्त उपलब्ध रहेंगे। जिन अस्पतालों में ऑपरेशन थियेटर की सुविधा उपलब्ध है वहां कोरोना प्रोटोकॉल के साथ नियत सेवा दिवस संपादित करते हुए नसबंदी की जाएंगी। नसबंदी कराने वालों को निर्धारित प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी।
एसीएमओ ने बताया कि नसबंदी कराने वाले पुरुषों को तीन हजार और महिलाओं को दो हजार रुपये प्रोत्साहन राशि मिलेगी। इसके अतिरिक्त प्रसव के तुरंत बाद नसबंदी कराने वाली महिला को भी तीन हजार रुपये प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। कॉपर-टी के लिए तीन सौ रुपये और अंतरा इंजेक्शन लगवाने पर महिला को 100 रुपये प्रति डोज के हिसाब से प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी।