बलरामपुर। परिवार नियोजन में निभाएं जिम्मेदारी, मां और बच्चे के स्वास्थ्य की पूरी तैयारी थीम के साथ गुरुवार को जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा का शुभारंभ हुआ। जनसंख्या नियंत्रण के लिए परिवार नियोजन के तरीकों की जानकारी देते हुए लोगों को जागरूक किया गया। जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा 24 जुलाई तक मनाया जाएगा।
जिला संयुक्त चिकित्सालय में फीता काटकर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. घनश्याम सिंह ने जनसंख्या स्थिरता पखवाड़े का शुभारंभ किया। सीएमओ ने कहा कि बढ़ती जनसंख्या को कम करने में जन समुदाय की सहभागिता जरूरी है। जनसंख्या नियंत्रण के लिए परिवार नियोजन के तरीकों को अपनाना होगा। जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर परिवार नियोजन के स्थाई व अस्थाई साधन मौजूद हैं, जिसका लाभ दंपती अपनी इच्छा के अनुसार उठा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि जिले की कुल प्रजनन दर 4.9 है जो कि चिंता का विषय है। इसमें कमी लानी होगी। जिला परिवार नियोजन विशेष तुलसीदास तिवारी ने कहा कि लोगों में परिवार नियोजन के प्रति जागरूकता का अभाव है। कार्यशाला एवं गोष्ठी के माध्यम से लोगों को परिवार नियोजन के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी अरविंद मिश्र, डॉ. रुचि पांडेय, डॉ. शैलेंद्र, डॉ. एचएफएस जैदी, डॉ. एनके वाजपेयी, शैलेंद्र मणि, संगीता, राकेश सोनी व जय प्रकाश नरायन पांडेय आदि मौजूद रहे।
अभियान के पहले दिन जिला महिला चिकित्सालय सहित सभी सीएचसी व पीएचसी पर भी परिवार कल्याण विभाग द्वारा परिवार नियोजन स्टॉल लगाया गया। स्टॉल से लोगों को गर्भ निरोधक दवाइयां एवं परिवार नियोजन के साधन भी वितरित किए गए। सभी सीएचसी व पीएचसी से आशा व एएनएम की ओर से जागरूकता रैली भी निकाली गई।