बलरामपुर। ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए अब स्वास्थ्य विभाग सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नंदनगर को पीपीपी मॉडल (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) पर विकसित किया जाएगा। सीएचसी में स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाने के लिए शासन से एक करोड़ रुपये बजट दिए गए हैं। इस बजट से ओपीडी, लैब, ओटी व वार्डों में संसाधन बढ़ाए जाएंगे।
मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा प्रदान करने के लिए शासन स्तर से प्रदेश के 15 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) को पीपीपी मॉडल के माध्यम से संचालित कराने का निर्णय लिया गया है। इसमें जनपद का सीएचसी नंदनगर भी शामिल है। पीपीपी मॉडल पर निजी सेवा प्रदाता इस सीएचसी को 30 बेड के एफआरयू के रूप में विकसित करेंगे। सीएचसी को विशेषज्ञ चिकित्सक व आधुनिक संसाधनों से लैस किया जाएगा। प्राइवेट कंपनी से सीएचसी का संचालन होने से स्वास्थ्य सेवाओं में तेजी से सुधार होने की उम्मीद है।
वर्तमान में विशेषज्ञ चिकित्सकों की है कमी
सीएचसी में इस समय विशेषज्ञ चिकित्सक व कर्मचारियों की भारी कमी है। अस्पताल में बाल रोग, स्त्री रोग व हड्डी रोग विशेषज्ञ सहित एक्स रे टेक्नीशियन व स्टाफ नर्स आदि की तैनाती नहीं है। सीमित कर्मचारी व संसाधनों के सहारे लोगों को बेहतर सेवाएं देने का दावा स्वास्थ्य विभाग कर रहा है।
शासन के निर्देशानुसार होगी व्यवस्था
- शासन के निर्देशानुसार सीएचसी को पीपीपी मॉडल पर विकसित किया जाएगा। प्राइवेट कंपनी द्वारा अस्पताल का संचालन शुरू करने से मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।
- डॉ. जावेद अख्तर, अधीक्षक सीएचसी नंदनगर