हरैया सतघरवा (बलरामपुर)। महराजगंज तराई व हरैया सतघरवा थानाक्षेत्र के गांव में एक पखवारे से आदमखोर तेंदुए की दहशत है। तेंदुआ अब तक तीन बच्चों को निवाला बना चुका है। मंगलवार को भी तेंदुए ने हरैया सतघरवा थाना क्षेत्र के गढ़वा गांव में एक छुट्टा मवेशी को शिकार बनाया। वन विभाग की एक्सपर्ट टीम तेंदुए को पकड़ने के लिए तरह-तरह के प्रयास कर रही है, लेकिन अभी तक खाली हाथ है।
बताते चलें कि महराजगंज तराई थाना क्षेत्र के लालनगर सिपहिया गांव में तेंदुए ने चार नवंबर को एक तीन वर्षीय बच्ची वंदिनी को निवाला बनाया। इसी गांव में 11 नवंबर को एक छह वर्षीय अरुण को उठा ले गया। अरुण का क्षतविक्षत शव गांव के पास ही खेत में बरामद हुआ।
16 नवंबर की रात तेंदुए ने लालनगर सिपहिया गांव से चार किलोमीटर दूर हरैया थाना क्षेत्र के बेलवा गांव में अलाव ताप रहे आठ साल के विकास को निवाला बनाया। तीन बच्चों की मौत के बाद वन विभाग ने दोनों गांवों तथा संभावित रास्तों पर पिंजरा व जाल लगवाने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाए। तेंदुए को ट्रैंकुलाइज करने के लिए दुधवा नेशनल पार्क व जौनपुर से एक्सपर्ट टीम बुलाई गई। टीम सर्च अभियान चलाकर लगातार तेंदुए की तलाश में जुटी है, लेकिन अभी तक वह पकड़ में नहीं आया है। मंगलवार को तेंदुए ने हरैया थाना क्षेत्र के गढ़वा में एक छुट्टा मवेशी को शिकार बनाया।
डीएफओ डॉ. एम सेम्मारन ने बताया कि गढ़वा गांव में गन्ने के खेत में मवेशी का शव मिलने पर वन विभाग की टीम तेंदुए की तलाश में जुट गई है। गांव में पिंजरा भी लगाया गया है। जल्द ही तेंदुए को पकड़ लिया जाएगा।