फोटो-9-बलरामपुर के तुलसीपुर हनुमानगढ़ी मंदिर में पूजा अर्चना करते श्रद्धालु ।-संवाद
तुलसीपुर। मंगलवार की शाम संकट मोचन हनुमानगढ़ी मंदिर आस्था, भक्ति और श्रद्धा के अद्भुत संगम का केंद्र बना रहा। सैकड़ों श्रद्धालुओं ने बजरंगबली के दरबार में शीश नवाकर सुख-समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। महाआरती के दौरान मंदिर परिसर घंटों की ध्वनि, शंखनाद और जयघोष से गूंज उठा।
मुख्य पुजारी भानु महाराज ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच करीब 30 मिनट तक हनुमान जी की महाआरती संपन्न कराई। इसके बाद संगीतमय सुंदरकांड पाठ का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भावपूर्वक सहभागिता की। हनुमान चालीसा और भजनों की धुन पर भक्त झूमते नजर आए। पूरा मंदिर परिसर जय श्रीराम और संकट मोचन हनुमान की जय के जयघोष से गुंजायमान रहा।
मुख्य पुजारी भानु महाराज ने कहा कि संकट मोचन हनुमानगढ़ी वर्षों से श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का केंद्र है। सच्चे मन और श्रद्धा से की गई प्रार्थना को बजरंगबली अवश्य स्वीकार करते हैं।
मंदिर के पुजारी पंडित शुभम ने बताया कि सावन से पूर्व आने वाला मंगलवार हनुमान जी की विशेष आराधना के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। दर्शन करने पहुंचे श्रद्धालु पुष्पेंद्र कुमार ने कहा कि महाआरती और सुंदरकांड में शामिल होकर उन्हें मानसिक शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा का अनुभव हुआ। वहीं श्रद्धालु मुन्नी देवी ने बताया कि हनुमान जी के दरबार में पहुंचने से मन को विशेष सुकून मिलता है। देर शाम तक मंदिर परिसर श्रद्धालुओं की भीड़ से भक्तिमय बना रहा।