बलरामपुर। बेसिक शिक्षा महकमा ने लापरवाह शिक्षकों पर कार्रवाई का शिकंजा कसा है। जिले के तीन शिक्षा क्षेत्रों के 12 प्राथमिक व जूनियर हाईस्कूलों के निरीक्षण में 16 स्टाफ नदारद मिले हैं। तीन स्टाफ का एक दिन का और 13 स्टाफ का अग्रिम आदेश तक के लिए वेतन व मानदेय रोक दिया गया है। एक स्कूल में ताला लटकने और एक में स्वास्थ्य कैंप लगा होने पर गायब समस्त स्टाफ से दो दिन में जवाब तलब किया गया है।
बीएसए डॉ. रामचंद्र ने शुक्रवार को बताया कि लापरवाह शिक्षकों पर कार्रवाई का शिकंजा कसना शुरू कर दिया गया है। बीएसए ने चतावनी दी है कि कोविड-19 में बच्चों के लिए स्कूल बंद है न कि शिक्षक व अन्य स्टाफ के लिए। समस्त स्टाफ को एक जुलाई से स्कूलों में उपस्थिति रहने के लिए पहले से ही कई बार निर्देश जारी किए जा चुके हैं। शिक्षा क्षेत्र सदर, श्रीदत्तगंज व उतरौला के स्कूलों में शिक्षकों के उपस्थिति की जांच एक जुलाई को डीसी सामुदायिक सहभागिता निरंकार पांडेय, निर्माण एनके सिंह व एमडीएम फिरोज अहमद से कराई गई।
सदर शिक्षा क्षेत्र के प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय विशुनापुर में शिक्षिका अंजू, अनीता मिश्रा व सुयशी मिश्रा के गायब रहने पर एक दिन का वेतन काटकर दो दिन में जवाब तलब किया गया है। उच्च प्राथमिक विद्यालय सिरसिया में अनुदेशक सुजाता, प्राथमिक विद्यालय कोयलरा में शिक्षिका संध्या सिंह, नूतन वर्मा, सपना व शिक्षामित्र कुसुमा वर्मा, शिक्षा क्षेत्र श्रीदत्तगंज में कंपोजिट विद्यालय विशंभरपुर में शिक्षिका ममता चौहान व शिक्षक मोहित सिंह, प्राथमिक विद्यालय पिपरी कोल्हुई द्वितीय में शिक्षिका अनामिका सिंह, रीता देवी व रीनू, प्राथमिक विद्यालय पिपरी कोल्हुई प्रथम में शिक्षिका आरती दोहरे व अनामिका और शिक्षा क्षेत्र उतरौला में कंपोजिट विद्यालय पिपराराम में शिक्षिका इरम जेहरा बिना सूचना के नदारद पाए जाने पर अग्रिम आदेश तक के लिए वेतन एवं मानदेय रोक दिया गया है।
सदर शिक्षा क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय सिरसिया में ताला लटकने और उतरौला शिक्षा क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय बकसरिया में स्वास्थ्य विभाग का कैंप लगा होने से गायब समस्त स्टाफ से दो दिन में जवाब तलब किया गया है। सदर शिक्षा क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय कोयलरा में समस्त स्टाफ मौजूद मिला। उतरौला शिक्षा क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय तेंदुआ तकिया में भी सभी स्टाफ मौजूद मिला।
स्कूलों के समस्त स्टाफ से टीम के सदस्यों ने अभिभावकों के मोबाइल को प्रेरणा पोर्टल से जोड़कर बच्चों के लिए ऑनलाइन कक्षाएं चलाने, 14 पैरामीटर पर स्कूलों को चाक चौबंद कराने, रंगाई पुताई कराने, डोर टू डोर पाठ्य पुस्तकें व यूनीफार्म का वितरण कराने, 25 मार्च से 30 जून तक तक का एमडीएम का राशन का पैसा बच्चों के अभिभावकों के बैंक खातों में ट्रांसफर कराने की व्यवस्था और सभी डाटा मानव संपदा पोर्टल पर फीड कराने आदि के बारे में सुझाव दिए।