-बलरामपुर के कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन करते विद्यार्थी ।
बलरामपुर। एक तरफ पढ़-लिखकर बेहतर भविष्य का सपना, दूसरी तरफ खाली थाली और जर्जर छात्रावास की परेशानी। तुलसीपुर स्थित थारू जनजाति छात्रावास में रहने वाले छात्र इन दिनों ऐसी ही मुश्किलों से गुजर रहे हैं। विद्यालय खुले करीब एक माह हो चुका है, लेकिन छात्रावास में भोजन के लिए खाद्य सामग्री की व्यवस्था नहीं हो सकी है। मजबूरी में छात्र घर से राशन और गैस लेकर आ रहे हैं। जिन छात्रों के घर दूर हैं, उनके लिए यह परेशानी और बढ़ गई है।
तुलसीपुर में सर्वेंट्स ऑफ इंडिया सोसाइटी की तरफ से संचालित छात्रावास में 50 से अधिक विद्यार्थी रहकर पढ़ाई करते हैं। सोमवार को छात्र राजनेश कुमार, रवि, राजू, यशवंत, सत्यम, हिमांशु व चंदन कुमार आदि ने जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन को दिए ज्ञापन में बताया कि छात्रावास की हालत भी बेहद खराब है। छात्रों का कहना है कि छात्रावास में इंचार्ज की नियुक्ति न होने के कारण व्यवस्थाएं देखने वाला कोई नहीं है। छात्र करन, कैलाश, विमलेश, रोहित कुमार, शनि व रुपेश आदि का कहना है कि पढ़ाई करने के लिए घर से दूर आए हैं, लेकिन रहने और खाने की बुनियादी सुविधाएं ही नहीं मिल पा रही हैं। समस्याओं को लेकर कई बार एसडीएम और परियोजना अधिकारी से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ। छात्रों ने डीएम से मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था कराने के साथ छात्रावास इंचार्ज की नियुक्ति और भवन की मरम्मत कराने की मांग की है।