सादुल्लाहनगर। ई-पॉश मशीन पर अंगूठा लगवाने के बाद भी राशन के लिए दो-दो महीने तक दुकान के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। किसी को निर्धारित मात्रा से कम अनाज मिल रहा है तो किसी को चीनी भी पूरी नहीं दी जा रही है। ग्राम पंचायत गोकुला बुजुर्ग में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान को लेकर ग्रामीणों की ये शिकायतें बुधवार को सामने आईं। शिकायतों की जांच करने पहुंचे पूर्ति निरीक्षक के सामने 97 कार्डधारकों ने कोटेदार के खिलाफ अपनी शिकायतें दर्ज कराईं। ग्रामीणों ने राशन वितरण में मनमानी करने और शिकायत करने पर धमकाने के भी आरोप लगाए।
गांव में राशन वितरण की व्यवस्था पर सवाल उठने के बीच पूर्ति निरीक्षक मनमन्थ नाथ गुप्ता के सामने लाभार्थियों ने अपनी समस्याएं रखीं। गांव में 400 पात्र गृहस्थी और 25 अंत्योदय कार्डधारक हैं। मीरा देवी, सलमा, खैरुन्निसा, नाजमा, माधुरी देवी, वाहिद अली, नसरीन, शांति देवी, रामसरन, शरीफुन्निसा, आसमा बानो और किरन देवी समेत अन्य लाभार्थियों ने बताया कि कोटेदार पहले ई-पॉश मशीन पर अंगूठा लगवा लेता है, लेकिन राशन देने के लिए बार-बार दुकान पर बुलाता है। कई बार दो-दो महीने तक राशन नहीं मिलता है।
प्रति यूनिट एक से दो किलो अनाज कम देने की शिकायत
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राशन मिलने पर भी प्रति यूनिट एक से दो किलो अनाज की कटौती की जाती है। अंत्योदय कार्डधारकों को मिलने वाली तीन किलो चीनी के बजाय केवल दो किलो चीनी दिए जाने की भी शिकायत की गई। लाभार्थियों का कहना है कि राशन मिलने में देरी और मात्रा में कटौती से गरीब परिवारों के सामने परेशानी खड़ी हो रही है। शिकायत करने पर कोटेदार कथित तौर पर धमकाता है और कहीं भी शिकायत करने की बात कहता है।
पूर्ति निरीक्षक मनमन्थ नाथ गुप्ता ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत पर 97 कार्डधारकों के बयान दर्ज किए गए हैं। कोटेदार के स्टॉक रजिस्टर और वितरण रजिस्टर का मिलान किया जा रहा है। जांच रिपोर्ट जिला पूर्ति अधिकारी बलरामपुर को भेजी जाएगी। जांच में अनियमितता की पुष्टि होने पर कोटेदार का लाइसेंस निलंबित करने समेत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।