बलरामपुर। देश के कई राज्यों में कोरोना संक्रमित मरीज मिलने से भारत सरकार पूरी तरह सतर्क हो गई है। सभी राज्य व जिलों को अलर्ट जारी कर दिया गया है। भारत-नेपाल सीमा से सटे होने के कारण सीमावर्ती क्षेत्र में चार स्थानों पर कोरोना वायरस स्क्रीनिंग चेक पोस्ट स्थापित किया गया है। इन चेक पोस्टों के माध्यम से नेपाल से आने वाले लोगों पर नजर रखी जा रही है।
यह बातें शनिवार को सीएमओ कार्यालय सभागार में प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. घनश्याम सिंह ने कहीं। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस को लेकर लोगों में तरह-तरह की अफवाहें फैल रही हैं। लोगों में जागरूकता लाकर ही अफवाहों पर नियंत्रण पाया जा सकता है। मीडिया के लोग भी कोरोना के प्रति लोगों को जागरूक करने में सहयोग करें। कोरोना से बचाव की तैयारियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सीमा क्षेत्र पर स्थापित चेक पोस्ट में चिकित्सक व फार्मासिस्ट सहित चार स्टाफ की ड्यूटी लगाई गई है। इन चेक पोस्टों पर शुक्रवार तक नेपाल से आने वाले 2136 संदिग्धों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है।
सीमा क्षेत्र के 30 गांव में जन जागरूकता के लिए बैठकों का आयोजन किया गया है। जिले में अब तक चीन से 12, थाईलैंड से 6 और जर्मनी से 2 लोग आए हैं। इन 20 में से 6 लोगों की 28 दिन तक निगरानी के बाद उन्हें सुरक्षित घोषित कर दिया गया है। शेष 14 लोगों की निगरानी अभी चल रही है। जिला संयुक्त चिकित्सालय के ट्रामा विंग में 10 बेड का आईसोलेशन वार्ड बनाया गया है।
जिले में रैपिड रिस्पांस टीम का गठन कर बचाव की सभी सामग्री उपलब्ध करा दी गई है। कोरोना वायरस से ग्रसित होने वाले मरीज को आइसोलेशन वार्ड पहुंचाने के लिए एक एंबुलेंस भी रिजर्व रखी गई है। इस रोग के संबंध में सूचना या जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर 18001805145 तथा 9838616121 पर संपर्क किया जा सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि हर मोबाइल नंबर पर घंटी बजने से पहले कोरोना वायरस के प्रति जागरूक करने का मैसेज भी चलाया जा रहा है।