तटबंधों की मरम्मत पर 4.25 करोड़ होंगे खर्च
बजट मिलने पर 150 किमी. तटबंध होंगे दुरुस्त
14 स्थलों पर बनेंगे कटर , 24 को सीएम की बैठक में डीएम रखेंगे प्रस्ताव
बलरामपुर। जिले में बरसात के दौरान राप्ती नदी व पहाड़ी नालों के तेज बहाव व कटान से होने वाली बर्बादी को बचाने की कवायद शुरू कर दी गई है। शासन से बजट आवंटित होने के बाद तटबंधों के मरम्मत पर चार करोड़ 25 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। राप्ती नदी के कटान की ठोकर बचाने के लिए 14 स्थलों पर बोरियों में मिट्टी भरकर कटर तैयार किया जाएगा। जिले में बाढ़ से बचाव के लिए सभी प्रस्ताव डीएम 24 जून को लखनऊ में होने वाली सीएम योगी आदित्यनाथ की बैठक में पेश करेंगे। डीएम की रिपोर्ट के आधार पर शासन से बजट का आवंटन किया जाएगा।
सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम राकेश कुमार मिश्र की अध्यक्षता में ड्रेनेज खंड के अफसरों के साथ बैठक की गई। बैठक में बरसात से पूर्व जिले में बाढ़ से होने वाले नुकसान को रोकने के लिए व्यापक रूपरेखा तैयार की गई। जिले में 150 किलोमीटर लंबे तटबंधों के मरम्मत के लिए ड्रेनेज खंड के इंजीनियर अभिमन्यु सिंह व डीएस त्रिपाठी ने चार करोड़ 25 लाख रुपये का प्रस्ताव रखा। दोनों इंजीनियरों ने डीएम से बताया कि जिले में कई स्थानों पर तटबंध क्षतिग्रस्त हैं, जिनका बरसात से पहले मरम्मत किया जाना अनिवार्य है। शासन से बजट आवंटित होने के बाद ही तटबंधों की मरम्मत संभव हो सकेगी। उतरौला तहसील में पचौथा, महुआधनी, महरी व अल्लीपुर बुजुर्ग तथा सदर तहसील में कोलवा, रामपुर व बेलहा सहित राप्ती नदी के कटान वाले 14 स्थानों पर लूप कटिंग का निर्माण सात लाख रुपये की लागत से कराने के प्रस्ताव तैयार किया गया। अल्लीपुर बुजुर्ग में डीएम के निर्देश पर लूप कटिंग का निर्माण कार्य पूरा करा दिया गया है। लूप कटिंग के लिए बोरियों में मिट्टी भरकर बरसात से पहले कटर तैयार किया जाएगा। बैठक में चर्चा के बाद बाढ़ से बचाव के लिए सभी प्रस्ताव तैयार किए गए। बैठक में एडीएम शिवपूजन सहित अन्य अफसर व कर्मी मौजूद रहे।