बलिया। अवैध हथियारों की फैक्ट्री के मामले में सोमवार को पुलिस लाइन के सभागार में एसपी डा. विपिन ताडा ने प्रेसवार्ता की। उन्होंने बताया कि रविवार को अमरेंद्र ठाकुर निवासी नौरंगा थाना बैरिया तथा राजू शर्मा पुत्र केदार शर्मा निवासी नौरंगा थाना बैरिया को गिरफ्तार किया गया था। वहीं, पुलिस की इस सफलता पर अपर मुख्य सचिव गृह ने टीम को एक लाख रुपये की राशि देने की घोषणा की है।
अमरेंद्र ने पूछताछ में बताया कि वह अपने पिता सुरेंद्र ठाकुर, चाचा विनोद ठाकुर व साथियों के साथ मिलकर अवैध हथियार बिहार से लाकर बेचता है। घटना वाले दिन चाचा के साथ कार्बाइन को ढाई लाख में बेचने आया था। लेकिन पुलिस ने उसे पकड़ लिया। आरोपी ने बताया कि अवैध शस्त्रों के कारोबार में फर्जी शस्त्र लाइसेंस का इस्तेमाल करते हैं। पूर्व में बक्सर, भोजपुर, रोहतास तथा प्रयागराज व गाजीपुर में भी अवैध हथियार बेचे हैं। अभियुक्त राजू ने बताया कि वह लोहार है। वह शस्त्र निर्माण का कार्य इनके साथ मिलकर करता है। तमंचे भी बना लेता है। गैंग का मुख्य सरगना विनोद ठाकुर है जो अमरेंद्र का चाचा है। उधर, विनोद ठाकुर व सुरेंद्र ठाकुर फरार हैं। गिरफ्तार करने वाली टीम में प्रभारी स्वाट संजय सरोज, प्रभारी निरीक्षक राजीव मिश्रा, उप निरीक्षक अतुल मिश्रा, उप निरीक्षक गिरिजेश सिंह, उप निरीक्षक अजय यादव, उप निरीक्षक फूलचंद्र यादव, उप निरीक्षक रोहन राकेश, हेड कां आलोक सिंह, हेड कां चंद्रभान यादव, हेड कां राजीव राजभर, हेड कां अतुल सिंह, हेड कां अनूप सिंह, हेड कां वेद प्रकाश दुबे, कां अनिल पटेल, कां कृष्ण कुमार आदि रहे।