कार्डधारकों को दिए गए अनाज में यूरिया एवं डाई का अंश मिलने के बाद कोटे की दूकान निलंबत कर दी गई। शनिवार को नरहीं गांव के कोटेदार ने कार्डधारकों को योजना के तहत चावल दिया, जिसे लोग घर ले गए।
वहां चावल में यूरिया और डाई का अंश मिलने के बाद लोगों ने इसकी शिकायत डीएम के आवास पर जाकर की। डीएम ने इसकी जांच एसडीएम सदर और सीओ सदर को सौंप दिया। दोनों अफसरों की जांच में शिकायत की पुष्टि हुई, जिसके बाद दूकान निलंबन की कार्रवाई की गई।
नरहीं गांव के बीपीएल एवं अंत्योदय कार्डधारकों ने जिलाधिकारी को सौंपे पत्रक में आरोप लगाया था कि गांव के कोटेदार द्वारा अनाज वितरण में अनियमितता बरती जा रही है। शनिवार को कोटेदार ने कार्डधारकों को जो चावल दिया, उसमें यूरिया एवं डाई नामक रासायनिक खाद मिला पाया गया।
इसकी शिकायत जब ग्रामीणों ने कोटेदार से की तो उसने गाली-गलौज के साथ जान-माल की धमकी दे डाली। ग्रामीणों का आरोप था कि कोटेदार द्वारा हर माह 35 किलो की जगह 30 किलो ही अनाज दिया जाता है और मूल्य भी अधिक वसूला जाता है। पहले ग्रामीणों ने इसकी शिकायत एसडीएम सदर बच्चा लाल मौर्य से की तो उन्होंने कहा कि चावल धोकर खा जाओ। इसके बाद ग्रामीण जिलाधिकारी के आवास पर गए और पत्रक सौंपा।
जिलाधिकारी मुरली मनोहर लाल ने एसडीएम सदर और सीओ सदर को बुलाकर गांव में कोटेदार के खिलाफ जांच करने का निर्देश दिया। पत्रक सौंपने वालों में रामप्रवेश राम, राजकुमार राम, मानदी, रीना, जनकिया, चांदमुनी देवी, रमावती, संजय पासवान, सुरेश राम, आदि शामिल रहे। एसडीएम सदर बच्चा लाल मौर्य ने कहा कि कोटेदार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसकी दूकान निलंबित कर दी गई है।