इस दौरान डॉक्टर के अस्पताल से चले जाने का भी आरोप लगाया गया। स्थिति पर सवाल उठाने पर परिजनों ने अस्पताल कर्मियों द्वारा कथित रूप से धमकाने का आरोप लगाया। परिजन को शंका होने पर उन्होने नवजात को लेकर पकवाइनार स्थित बाबा रामदल हॉस्पिटल पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजन उसके बाद मऊ के एक निजी अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सक ने जांच के बाद पांच घंटे पूर्व मौत की बात कही।
परिजन नवजात को लेकर वापस उक्त हॉस्पिटल पहुंचे और डॉक्टर से फोन पर संपर्क किया। आरोप है कि डॉक्टर ने मामले में अपनी जिम्मेदारी से इनकार कर दिया। घटना से आक्रोशित परिजनों ने हंगामा कर निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले डॉक्टर व अस्पताल प्रशासन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
प्रभारी निरीक्षक सुरेश कुमार ने बताया कि सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच की गई, लेकिन परिजनों की ओर से अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।