मगही नदी के बाढ़ के पानी के चलते धासशाई हो गया बाबू राय बाबा मंदिर।
नरहीं के आराध्य देव बाबू राय बाबा का नवनिर्मित मंदिर का एक हिस्सा गुरुवार की शाम मगई नदी में बह गया। जिसको लेकर गांव के लोगों में काफी नाराजगी है। वहीं निर्माण के प्रयोग में लाए जाने वाले सामग्री की गुणवत्ता पर भी सवाल उठने लगे हैं।
ग्रामीणों के सहयोग से बाबू राय बाबा मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए मगई नदी में दीवार देकर निर्माण कराया जा रहा था। गुरुवार की शाम को 20 फीट ऊंचाई की दीवार भरभरा कर गिर गई। नरहीं गांव के सहयोग से निर्माणाधीन भव्य मंदिर में करीब 30 लाख खर्च हो चुका है। धराशायी होने के बाद गांव के हजारों लोग मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य पर ही सवालिया निशान उठाने लगे। इस घटना को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। शुक्रवार को निर्माणाधीन मंदिर के हिस्सा गिरने के बाद गांव में डुगडुगी बजाकर नरहीं गांव की बैठक बाबू राय के स्थान पर शनिवार को बुलाई गई है। जिसमें आगे की रणनीति तय की जाएगी।