एनएच-31 पर पिकअप में लदे सामानों को बचाने के लिए तिरपाल बांध करते अपने को जाती वाहन।संवाद
बलिया। लंबे इंतजार के बाद शुक्रवार रात से शनिवार तक रुक-रुक कर हुई बारिश ने जिले के किसानों के चेहरे पर मुस्कान लौटा दी। पिछले 24 घंटे में 28 मिमी वर्षा दर्ज होने से खेतों में पर्याप्त नमी पहुंची और रोपाई के काम ने तेजी पकड़ ली।
शनिवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। उमस से परेशान लोगों को भी राहत मिली और दिनभर ठंडी हवाओं के बीच मौसम खुशनुमा बना रहा। शनिवार शाम हुई तेज बारिश से नगर के कई प्रमुख मार्गों और गलियों में जलभराव हो गया। राष्ट्रीय राजमार्ग-31 पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा और वाहन चालकों को बारिश थमने का इंतजार करना पड़ा।
करीब आधे घंटे तक गलियों में पानी भरा रहने से नगर पालिका की जल निकासी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए।
गांधी महाविद्यालय, मिड्ढा के मौसम वैज्ञानिक प्रो. सुरेश सिंह ने बताया कि पिछले दो दिनों में अधिकतम तापमान में लगभग आठ डिग्री और न्यूनतम तापमान में चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई है।
एनएच-31 पर जलभराव और कीचड़ से राहगीरों को परेशानी: नरही। मानसून की पहली बारिश से गोविंदपुर से भरौली गोलंबर पर एन एच 31 पर जलभराव हो गया है।
सड़क पर कीचड़ फैलने से राहगीरों को आवागमन में कठिनाई हो रही है। स्वामी सहजानंद इंटर कॉलेज गोविंदपुर भरौली के प्रधानाचार्य प्रेमप्रकाश राय ने बताया कि ‘’हर घर जल योजना’’ के तहत एन एच 31 के बगल में पाइप बिछाने के लिए गड्ढा खोदा गया था। गड्ढे को खुला छोड़ देने के कारण सड़क पर जलभराव और कीचड़ की समस्या उत्पन्न हो गई है। गोविंदपुर से भरौली गोलंबर के आगे गाजीपुर मार्ग पर भी कीचड़ फैला हुआ है। संवाद