ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता के साथ दफ्तर में मारपीट के मामले को लेकर विभाग के लोग नाराज हैं। आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने मंगलवार को विकास भवन में बैठक की। एक्सईएन के आरोपियों की गिरफ्तारी तथा उनके फर्मों को निरस्त करते हुए काली सूची
में डालने की मांग की गई।
चेतावनी दी है कि कार्रवाई न होने पर 28 मई से विकास भवन के अधिकारी और कर्मचारी कार्य बहिष्कार पर रहेंगे।
बता दें कि 23 मई को अराजकतत्वों ने अधिशासी अभियंता राशिमणि मिश्र के दफ्तर में घुसकर उनकी पिटाई की थी। बैठक में अभियंता संघ के मंडल अध्यक्ष ईं. उदय शंकर सिंह कहा कि घटना की जितनी भी निंदा की जाए कम है।
मांग किया कि विकास भवन में स्थित ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के साथ ही अन्य स्थापित कार्यालयों में कार्यरत कर्मचारी और अधिकारियों की अराजकतत्वों से सुरक्षा की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा मेसर्स बीएस कंस्ट्रक्शन कंपनी और मेसर्स सिंह कंस्ट्रक्शन कंपनी के आरोपी प्रोपराइटर्स क्रमश: सुनील कुमार सिंह तथा शशिकांत सिंह और उनके साथ रहे अन्य दो अज्ञात लोगों को गिरफ्तार कर कठोरतम कार्रवाई की जाए।
साथ ही दोनों फर्मों को काली सूची में डालते हुए प्रोपराइटर्स का चरित्र प्रमाण पत्र निरस्त किया जाय। चेतावनी दी कि 27 मई तक अराजकतत्वों की गिरफ्तारी कर कार्रवाई नहीं की गई तो 28 मई से विकास भवन के सभी कर्मचारी और अधिकारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने को बाध्य हाेंगे।
इसकी सारी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। इस मौके पर राज्य कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष बलवंत कुमार सिंह, महामंत्री अविनाश उपाध्याय, अवर अभियंता लल्लन सिंह, अवर अभियंता आफताब अहमद, अवर अभियंता इरफान उल्लाह, अवर अभियंता श्रीनिवास, अवर अभियंता श्याम बिहारी समेत कर्मचारी और अधिकारी रहे।