उच्च शिक्षा और चिकित्सा के लिए एम्स एवं विश्वविद्यालय की मांग को लेकर स्थापना जनजागरण मंच के सदस्यों ने बुधवार को कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। पीएम और सीएम को संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी ओमप्रकाश चौधरी को सौंपा। इसमें आजादी की लड़ाई में महत्वपूर्ण तथा अग्रणी भूमिका निभाने वाले जिले में चिकित्सा के लिए एम्स तथा उच्च शिक्षा के लिए विश्वविद्यालय खोलने की मांग की। ज्ञापन में बताया है कि आजादी की लड़ाई में महत्वपूर्ण तथा अग्रणी भूमिका निभाने वाले जिले में न तो आधुनिक शिक्षा की व्यवस्था है और न ही चिकित्सा की बेहतर व्यवस्था है।
इससे मजबूर होकर यहां के छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा तथा लोगों को चिकित्सा के लिए गैर प्रांत जाना पड़ता है। शासन के सामने दोनों संस्थाआें के लिए सबसे बड़ी समस्या जमीन की थी लेकिन जिले में ग्राम समाज की जमीन करीब चार सौ एकड़ उपलब्ध है। जिन ग्रामसभाओं में जमीन उपलब्ध है, वहां की जनता व प्रधानों ने लिखित रूप से सारे दस्तावेज आंदोलन समिति को दिया है। पत्र में उल्लेख किया गया है कि विश्वविद्यालय व एम्स बनवाने के लिए उप्र के तीन कैबीनेट मंत्री व बलिया के चार सांसद हैं।
तीनों मंत्रियों व सांसदों को आंदोलन समिति द्वारा पत्रक उपलब्ध करा दिया गया है। इस मौके पर डा. इंद्रजीत प्रसाद, उमेश सिंह, संजय सिंह, सुभाष चंद्र यादव, बलराम सिंह, बसंत कुमार पाठक, अरविंद उपाध्याय, डा. शशिकांत उपाध्याय, रामइकबाल वर्मा आदि रहे।