बलिया। सरकार की एक जनपद एक उत्पाद योजना के तहत जिले के लिए सत्तू को चुना गया है।
इसका उद्देश्य बलिया की पारंपरिक पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देना है, जिससे स्थानीय कारीगरों, किसानों और उद्यमियों को लाभ मिलेगा। यह जानकारी मुख्य विकास अधिकारी ओजस्वी राज ने दी।
उन्होंने बताया कि सत्तू, जो मुख्य रूप से चने से बनाया जाता है, बलिया में वर्षों से पोषक आहार के रूप में प्रचलित है। इसके स्वास्थ्यवर्धक गुणों के कारण इसे ओडीओपी के रूप में मान्यता दी गई है। इस योजना से जिले के उद्यमियों को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी और यह कदम बलिया के आर्थिक विकास की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।