आपदा राहत चेक, सड़क ठीक कराने और पर्याप्त बिजली की मांग को लेकर डुमरिया के लोगों ने गांव पास स्थित काली मंदिर के पास बुधवार को सहतवार-हल्दी मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। मार्ग जाम के कारण करीब चार घंटे तक आवागमन बाधित रहा। ऐसे में यात्री इधर-उधर भटकते रहे। करीब घंटे बाद पहुंचे तहसीलदार के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया।
डुमरिया गांव के लोगों ने 11 अगस्त को तहसील दिवस पर उप जिलाधिकारी के माध्यम से जिलाधिकारी से आपदा राहत चेक का वितरण कराने, बिजली की आपूर्ति दुरुस्त कराने और जर्जर सड़क का निर्माण कराने की मांग की थी। इसके लिए एसडीएम को ज्ञापन भी सौंपा था।
इसमें ग्रामीणों ने चेतावनी दी थी कि यदि दस दिन के अंदर मांगें पूरी नहीं हुईं तो ग्रामीण सड़क पर उतरने के लिए बाध्य होंगे। ग्रामीणों की चेतावनी के बाद भी अधिकारियों ने नहीं सुनी। इस पर नाराज ग्रामीणों ने बुधवार सुबह नौ बजे सहतवार-हल्दी मार्ग को जाम कर दिया।
इससे मार्ग पर आवागमन बाधित हो गया। चार घंटे बाद मौके पर पहुंचे बांसडीह तहसीलदार हीरालाल और बिजली विभाग के एसडीओ आरपी यादव तथा सहतवार थानाध्यक्ष सुरेश सिंह, रेवती थानाध्यक्ष संजय सिंह ने लोगों को समझाया।
तहसीलदार ने ग्रामीणों की तीनों मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया, तब जाकर ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया। जाम समाप्त होते ही पुलिस के साथ ही यात्रियों ने राहत की सांस ली। इस मौके पर पूर्व मंत्री बच्चा पाठक, लल्लन तिवारी, मिथिलेश तिवारी, लव सिंह, कुश सिंह, सौरभ पाठक, शंभू शरण बेहाल, मिट्ठू, मुन्नू यादव, ठेला सिंह आदि रहे।