बलिया। लॉकडाउन में गांव के गरीबों तक राहत पहुंचाने के लिए मनरेगा के तहत गरीब परिवारों को रोजगार दिया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक गांव के रोजगार सेवकों को गांव के सबसे गरीब 10 लोगों को चिह्नित करने का निर्देश दिया है।
लॉकडाउन के चलते कई शहरों में कार्यरत मजदूर गांव पहुंचे हैं। इसको देखते हुए ग्राम्य विकास विभाग की ओर से मजदूरों को काम देने की कवायद की जा रही है। विभाग के आयुक्त ने बताया कि अपने गांवों को लौटे मजदूरों के समक्ष भरण पोषण की समस्या पैदा हो सकती है। मनरेगा सॉफ्ट पर रिपोर्ट के अनुसार सभी जॉब कार्डधारकों को रोजगार प्रदान नहीं किया गया है। ऐसे में असक्रिय जॉब कार्डधारक परिवारों से रोजगार की मांग संकलित करते हुए उन्हें प्राथमिकता के आधार पर रोजगार उपलब्ध कराया जाए। आयुक्त ने प्रत्येक रोजगार सेवक से गांव के सबसे गरीब 10 परिवारों का चयन कर उसका ब्योरा संबंधित खंड विकास अधिकारी को देने का निर्देश दिया हैे। डीआरडीए के पीडी डीएन दुबे ने बताया कि गांवों में गरीब परिवारों को रोजगार मुहैया कराने का काम किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर उन्हें जॉब कार्ड भी दिया जाएगा।