बलिया। सेवा, सुरक्षा और सहयोग की भावना से काम करने वाली पुलिस ड्यूटी के प्रति गंभीर नहीं दिख रही। शहर की गलियों और मोहल्लों की बात क्या करें, प्रमुख सड़कों और बाजारों में भी रात दस बजे के बाद पुलिस नहीं दिख रही। जनवरी से अब तक चोरी, छिनैती, लूट के 30 से अधिक मामले होेने के बावजूद जिला पुलिस सबक नहीं ले रही।
रात के समय सड़कों से मार्शल व बीट जवान गायब रह रहे हैं। अधिकारियों का निर्देश का धरातल पर पालन नहीं किया जा रहा है। थाना प्रभारी व रात्रि अधिकारी भी चक्रमण करते नहीं दिख रहे। पुलिसकर्मियों की मौजूदगी नहीं होने से चोरों व बदमाशों के हौसलों में इजाफा है। व्यापारियों व उनकी दुकानों और राहगीरों की सुरक्षा भगवान भरोसे है। मंगलवार की रात 10.30 बजे से लेकर 11.30 बजे तक शहर के मुख्य चौराहों व बाजारों की पड़ताल में सड़कों और चौराहों पर पुलिस नहीं दिखी। वहीं पुलिस बूथ पर ताला लटका हुआ मिला।
एएसपी/ सीओ सिटी श्यामकांत ने कहा कि शहर में सुरक्षा को लेकर डायल-112 पीआरवी व संबंधित पुलिस चौकी के मार्शल पूरी रात चक्रमण करते हैं। रात्रि अधिकारी भी भ्रमण करते हैं। इसकी औचक जांच भी की जाती है। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई होती है। रात में सभी मार्शल डयूटी पर मुस्तैद थे। इसकी जांच करवाने के बाद कुछ कहा जाएगा।
रात 10:35 बजे, मालगोदाम : मालगोदाम चौराहा पर इक्कादुक्का वाहन आ जा रहे थे। ट्रेन आने पर 15 -20 यात्री आने वाले ई-रिक्शा व ऑटो पकड़ कर अपने गंतव्य को रवाना हो रहे थे। 10 मिनट तक कोई पुलिस का जवान दूर दूर तक नहीं दिखा।
रात : 10:50 बजे चौक : शहीद पार्क चौक में पुलिस बूथ पर ताला लगा हुआ था। बाजार में तीन दुकानों का रंग रोगन चल रहा था। कुछ देर बाद पुलिस की डायल -112 स्काॅर्पियो पहुंची। वहीं, चमनसिंह बाग रोड पर स्थित पुलिस बूथ पर ताला लटका मिला। गुदरी बाजार, लोहापट्टी, कासिमबाजार में कोतवाली या पुलिस चौकी के मार्शल नहीं दिखे।
रात 11:00 बजे, स्टेशन के सामने : स्टेशन पर रात को राजधानी ट्रेन सहित पांच ट्रेनें पहंुची। 83 से अधिक यात्री स्टेशन पर उतरे। कुछ लोग निजी वाहन से तो कई परिसर में खड़े ईरिक्शा व ऑटो से रवाना हुए। प्रवेश द्वार के आसपास पान, गुटका व चाय की दुकानें खुली थीं। सुरक्षा के नाम पर एक होमगार्ड तक नहीं दिखा, पुलिस बूथ पर ताला लगा हुआ था।
11: 18 बजे, चित्तूपांडेय चौराहा : शहर के प्रवेश द्वारा चित्तू पांडेय चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस का बूथ है। दिन में जवान तैनात रहते हैं, रात में बंद रहता है। रात नौ बजे के बाद भारी वाहनों का आना जाना शुरू हो जाता है लेकिन कोई पुलिसकर्मी नहीं दिखाई दिखा। स्थानीय एक व्यक्ति ने बताया कि रात के समय पुलिस तैनात नहीं रहती है। कभी-कभार पुलिस वाले गश्त करते हुए यहां से गुजरते दिख जाते हैं।