बैरिया के तहसील सभागार में बीएलओ व सुपरवाइजरों की बैठक को संबोधित बैरिया एसडीएम साथ में तहसीलदा?
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बैरिया। सभी औपचारिकताओं को पूरा करने के बावजूद मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराने के लिए नए मतदाताओं को बार-बार तहसील का चक्कर लगाना पड़ रहा है। इसके बाद भी नए मतदाताओं का नाम नहीं दर्ज हो पा रहा है।
विकासखंड मुरली छपरा के ग्राम पंचायत रामपुर निवासी मनीष पांडे, ददन पांडे, मीनू पांडे, आनंद पांडे, दिलीप पांडे,नर्वदेश्वर पांडे, राहुल सिंह सहित दर्जनों लोगों ने अपना नाम मतदाता सूची में दर्ज कराने के लिए प्रयासरत हैं। काफी दिन पूर्व बीएलओ के माध्यम से संबंधित निर्धारित प्रपत्र पर आवेदन पत्र जमा किया था। बावजूद इसके उनका नाम आज तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं हो पाया है। यही स्थिति मुरली छपरा व बैरिया विकासखंड के दर्जनों ग्राम पंचायतों का है। लोगों का कहना है की मतदाता सूची बनाने का काम बलिया के किसी प्राइवेट फर्म को दिया गया है। जो सभी प्रपत्रों को भेजने के बावजूद मतदाता सूची में नाम दर्ज करने में मनमानी कर रहा है। अगर यही स्थिति रही तो बड़ी संख्या में लोग मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सकेंगे। ऐसे लोग न तो मतदान कर सकेंगे नहीं चुनाव लड़ सकेंगे। इस संदर्भ में उप जिला अधिकारी बैरिया प्रशांत कुमार नायक से पूछने पर बताया कि सभी लोगों का नाम मतदाता सूची में दर्ज होगा इसकी शत प्रतिशत गारंटी मेरी है। कुछ लोगों के नाम किन्हीं कारणों से संबंधित फर्म द्वारा लौटाया गया था। जिसे दुबारा भेजा गया है। सबका नाम मतदाता सूची में दर्ज होगा।
लापरवाही में दो सुपरवाइजरों के निलंबन की संस्तुति
बैरिया। पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में दावा व आपत्तियों के निस्तारण में कथित रूप से लापरवाही बरतने के आरोप में शिक्षक अरुण कुमार व ग्राम विकास अधिकारी महेंद्र नाथ के विरुद्ध कार्रवाई की संस्तुति करते हुए उन्हें निलंबित करने के लिए एसडीएम प्रशांत कुमार नायक ने संबंधित विभागाध्यक्ष को पत्र लिखा। उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को एसडीएम ने तहसील के सभागार में हुई बैठक में प्रथम दृष्टया दोनों लोगों को दोषी पाया। वहीं दूसरी तरफ समस्त बीएलओ व सुपरवाइजर को निर्देशित किया कि हर हाल में दावे व आपत्तियों का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर होनी चाहिए। अगर किसी ने कहीं लापरवाही बरती तो उनके खिलाफ कार्यवाही करते हुए उन्हें जेल भी भेजा जा सकता है। बैठक में तहसीलदार शिवसागर दुबे सहित अन्य विभागीय कर्मचारी व अधिकारी मौजूद थे।