बलिया। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अंतर्गत शिक्षा का स्तर लगातार बदल रहा है। उसी के तहत अब समर्थ पोर्टल हर विवि के लिए अनिवार्य हो गया है। इस संबंध में सभी विवि को कुलाधिपति व राज्यपाल आनंदी बेन पटेल के आदेश के उपरांत जेएनसीयू के कुलसचिव एसएल पाल ने संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों को पत्र जारी कर आवश्यक निर्देश दिया है।
पत्र में उल्लेख किया है कि जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय व संबद्ध कॉलेजों में भी सत्र 2024-25 में प्रवेश के लिए पंजीकरण करा रहे छात्रों को एनरोलमेंट समर्थ पोर्टल से ही जारी होगा। बिना समर्थ पोर्टल से जारी एनरोलमेंट के संबंधित छात्र का प्रवेश मान्य नहीं होगा।
प्रक्रिया में पंजीकरण कराने वाले छात्रों का पूरा डाटा समर्थ पोर्टल पर स्थानांतरित किया जाएगा। प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद एनरोलमेंट यानी नामांकन संख्या जारी की जाती विवि पोर्टल पर चल रही प्रवेश है। नामांकन संख्या विवि से स्नातक और परास्नातक शिक्षा ग्रहण करने तक छात्र की पहचान होगी। पहले सेमेस्टर व पहले वर्ष की परीक्षाओं का एडमिट कार्ड भी समर्थ पोर्टल के जरिए ही जारी होगा। छात्रों के पंजीकरण डाटा के साथ ही सीसीएसयू को इसी वर्ष सभी शिक्षकों, कर्मचारियों का डाटा भी समर्थ पोर्टल पर अनिवार्य रूप से इसी सत्र में अपलोड करना है।
सुधरेगी व्यवस्था,एक क्लिक पर मिलेगी जानकारी
जेएनसीयू के कुलपति प्रो. संजीत कुमार गुप्ता ने बताया कि उच्च शिक्षण संस्थानों को भी समर्थ पोर्टल से जुड़ना होगा। इससे विवि और कॉलेजों में हर वर्ष कंप्यूटर एजेंसी बदलने से निजात मिलेगा। इसके साथ ही छात्रों का पूरा डाटा केंद्रीय सर्वर पर होगा। हर पाठ्यक्रम से जुड़ी पूरी जानकारी एक क्लिक पर मिलेगी। विवि के साथ ही संबद्ध कॉलेज भी समर्थ पोर्टल पर अनिवार्य रूप से जुड़ेंगे। उनके भी प्रवेश, परीक्षा व परिणाम का पूरा डाटा पोर्टल पर अपलोड होगा। एक साथ पढ़ाई और परीक्षा के बाद परिणाम भी समय से जारी करने होंगे। जो इस व्यवस्था से कदमताल नहीं कर सकेगा वह बाहर हो जाएगा।