बलिया। जनपद की एक विशेष अदालत ने नाबालिग के साथ अपराध के मामले में त्वरित न्याय करते हुए अभियुक्त को कड़ी सजा सुनाई है। पॉक्सो एक्ट के विशेष न्यायाधीश (कोर्ट संख्या-08) प्रथमकांत की अदालत ने आरोपी जंटी चौहान को दोषी करार देते हुए 25 साल के सश्रम कारावास और 35 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, मामला भीमपुरा थाना क्षेत्र का है। 30 नवंबर 2023 को क्षेत्र की एक महिला ने पुलिस को लिखित शिकायत दी थी कि उसकी नाबालिग बेटी को अभियुक्त जंटी चौहान बहला-फुसलाकर कहीं भगा ले गया है। पीड़ित मां की तहरीर के आधार पर भीमपुरा पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ अपहरण और पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की और विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। न्यायालय में चली सुनवाई के दौरान गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर अभियुक्त जंटी चौहान पर दोष सिद्ध हुआ।
विशेष न्यायाधीश प्रथमकांत ने अपने फैसले में टिप्पणी की कि नाबालिगों के विरुद्ध होने वाले अपराध समाज के लिए घातक हैं।
न्यायालय ने दोषी को 25 साल की जेल के साथ ही 35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। कोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिया है कि यदि अभियुक्त अर्थदंड की राशि जमा करने में विफल रहता है, तो उसे एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।