विधानसभा चुनाव के लिए किए गए 121 नामांकन पत्र की जांच गुरुवार को अलग-अलग रिटर्निंग अधिकारियों के कक्ष में की गई। जिसमें गलत तरीके से दाखिल शपथ पत्र तथा आधे-अधूरे कागजात के आधार पर 22 नामांकन पत्र अवैध घोषित कर दिए गए, जिसमें सर्वाधिक संख्या रसड़ा विधानसभा के उम्मीदवारों की रही, जबकि दूसरे नंबर पर नगर विधानसभा रहा।
जिले के सभी सात विस क्षेत्र के नाम निर्देशन पत्र की जांच गुरुवार को हुई। इस दौरान कुल 121 में 99 नामांकन पत्र वैध पाए गए। जिसमें से बैरिया में 18 नामांकन पत्र वैध पाए गए, जबकि बेल्थरारोड में 15 नामांकन किए गए थे। वे सभी वैध मिले। रसड़ा विधानसभा क्षेत्र में सर्वाधिक नामांकन हुए थे, जिसमें से आठ नामांकन पत्र को निरस्त किया गया।
जिसमें ददन राम, सत्य प्रकाश सिंह, राजाराम, सुरेश संतोष, चंद्रभान चौहान, बृजमोहन, संजय, सरोज है। जबकि सिकंदरपुर विस में अजय कुमार राय, फेफना विस से राजेश कुमार उपाध्याय, बांसडीह से उमाशंकर प्रसाद, अक्षय, इंद्रजीत, वीरेंद्र पुत्र दीनानाथ तथा वीरेंद्र पुत्र सुरेंद्र के नामांकन पत्र में कमियां पाई गई, जिनके आधार पर नामांकन पत्रों को निरस्त कर दिया गया।
इसी प्रकार नामांकन पत्रों में गड़बड़ी मिलने पर बलिया विस क्षेत्र के सात विस उम्मीदवारों का नामांकन रद्द किया गया है। जिसमें आरपीआई के शंकर रावत, पूर्वांचल पीपुल्स पार्टी के समीर प्रताप सिंह, भारतीय कृषक दल के प्रमोद कुमार श्रीवास्तव, निर्दल नंद किशोर, सनत कुमार, जवाहर प्रसाद, वशिष्ठ शामिल हैं। इस तरह से देखा जाए तो स्क्रुटनी के बाद विभिन्न विधानसभा में कुल 99 प्रत्याशी मैदान में रह गए हैं। 18 फरवरी को नामांकन पत्र वापस लेने की तिथि है। इसके बाद स्थिति पूरी तरह साफ हो जाएगी।