जनपद में कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए शनिवार को भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने डीएम से उनके कार्यालय में मिलकर ज्ञापन सौंपा। नौ सूत्री ज्ञापन सौंपते हुए चेतावनी दी कि अगर कानून व्यवस्था जल्द पटरी पर नहीं आती है तो प्रशासन भाजपा के आंदोलन को संभालने के लिए तैयार रहे।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष लक्ष्मण गुप्ता पर सपा कार्यकर्ताओं द्वारा ही हमला किया गया है। सपा के मंत्री के इशारे पर पुलिस उन्हें प्रताड़ित कर रही है। यदि जिला प्रशासन समय रहते निष्पक्ष कार्रवाई किया होता तो आज जनपद की स्थिति इतनी भयावह नहीं होती।
सपा कार्यकर्ता राम प्रसाद जायसवाल और उसके तीनों पुत्रों द्वारा जुलूस पर बंदी के दौरान गोली चलाई गई। बेवजह उत्पात मचाया गया। लेकिन अभी तक पुलिस चारों में से किसी को गिरफ्तार नहीं किया है। उधर गोली से घायल राकेश चौबे तथा देवतांनद तुरहा पर से फर्जी मुकदमा तत्काल वापस लिया जाए।
पत्र में कहा है कि सपा सरकार में जनपद में जितने भी काम कराए गए हैं, उसकी जांच कराई जाए। गत दिनों छात्रों द्वारा दिए जा रहे धरने के दौरान जिन छात्र नेताओं पर मुकदमा हुआ है, वापस लिया जाए। इस मौके पर भाजपा के प्रदेश मंत्री दयाशंकर सिंह, जिलाध्यक्ष देवेंद्र यादव, विधायक उपेंद्र तिवारी, पूर्व विधायक रामइकबाल सिंह, केतकी सिंह, भगवान पाठक, नागेंद्र पांडेय, अनूप चौबे, कैलाश बिहारी सिंह, सुरेंद्र प्रसाद सिंह, माधव आदि उपस्थित रहे।