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Ballia News: पूर्व मंत्री आनंद स्वरूप समेत चार दोषमुक्त

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बलिया। छात्र संघ चुनाव को लेकर एससी कॉलेज परिसर में 11 वर्ष पूर्व की मारपीट और चाकूबाजी की घटना की सुनवाई हुई। अपर सत्र न्यायाधीश/फास्ट ट्रैक कोर्ट एक ज्ञान प्रकाश तिवारी की अदालत ने भाजपा के पूर्व मंत्री आनंद स्वरूप शुक्ला समेत चार को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया। अविनाश कुमार सिंह उर्फ नंदन को तीन साल की सजा सुनाई।
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इसी मामले में क्रॉस केस में कातिलाना हमले के दोषी सुधीर ओझा राणा, गणेश कुमार उपाध्याय व शशिकांत यादव को सात-सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। दस-दस हजार रुपये जुर्माना लगाया। जुर्माना न देने परतीन माह का कारावास भुगतना होगा। इसी मामले के आरोपी भृगु आश्रम निवासी पंकज राय को न्यायालय ने साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया।
दुबहड़ थानाक्षेत्र के सवरूबांध निवासी आशुतोष कुमार पांडेय उर्फ दीपक पांडेय ने कोतवाली में 15 जनवरी 2013 को शिकायत की थी। इसमें बताया था कि वह एससी कॉलेज में छात्रसंघ चुनाव का फाॅर्म जमा कराने गए थे। उस दाैरान सुधीर ओझा उर्फ राणा, पकंज, गणेश, शशिकांत ने कातिलाना हमला कर दिया। इसमें चार के विरुद्ध केस हुआ। इसमें न्यायालय ने तीन को सात साल के कारावास की सजा सुनाई है। पंकज राय को बरी कर दिया है। दूसरी घटना के संबंध में छात्र नेता सुधीर ओझा उर्फ राणा ने तहरीर देकर भाजपा के पूर्व मंत्री आनंद स्वरूप शुक्ला, अविनाश उर्फ नंदन, विवेक सिंह, आशुतोष पांडेय व रत्नेश यादव पर हमला करने का आरोप लगाया था। इसमें पुलिस ने पांच को आरोपी बनाया था।
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एक साल की सजा सुनाई

बलिया। न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या चार के न्यायाधीश रवि करण सिंह की अदालत ने एनडीपीएस एक्ट में सुनवाई की। उन्होंने एक दोषी को एक वर्ष के कारावास व एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। एनडीपीस एक्ट के प्रकरण में राणा प्रताप सिंह निवासी डूहा विहरा थाना सिकंदरपुर पर केस दर्ज हुआ था। न्यायालय ने आरोपी को दोषी पाया। जुर्माना न देने पर सात दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।


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गैंगस्टर एक्ट में दो साल की सजा



बलिया। न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या 3 विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट ने गिरोहबंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के मामले में सुनवाई की। आरोपी को दोषी करार देते हुए दो वर्ष का कारावास व पांच हजार रुपये जुर्माना लगाया। थाना कोतवाली में विक्की उर्फ वेदप्रकाश श्रीवास्तव निवासी हरपुर थाना कोतवाली पर केस दर्ज हुआ था। सुनवाई के बाद उसे दोषी पाया गया।जुर्माना न देने पर 15 दिन की अतिरिक्त सजा होगी। संवाद
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