फसल कटाई को लेकर यूपी-बिहार के किसानों के बीच हुई मारपीट का मुकदमा दर्ज कराने के लिए पूर्व विधायक सुरेंद्र सिंह को किसानों के साथ बुधवार को हल्दी थाना में डेरा डालना पड़ा। तब जाकर पुलिस ने मारपीट का मुकदमा दर्ज किया। हालांकि इस दौरान भाजपा नेता नागेंद्र पांडेय भी समर्थकों के साथ में डटे रहे।
ये है पूरा मामला
बता दें कि यूपी बिहार की सीमा पर गंगा नदी के इस पार हल्दी थाना क्षेत्र के बाबूबेल मौजा में गायघाट के किसानों व बिहार के लोगों के बीच खेत की फसल कटाई को लेकर मंगलवार को मारपीट हो गई थी, जिसमें करीब सात लोग घायल हो गए थे। घायलों ने मंगलवार को पुलिस को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने और कार्रवाई करने की गुहार लगाई थी, लेकिन पुलिस नेमुकदमा दर्ज नहीं किया।
मामले को लेकर बुधवार को पूर्व विधायक सुरेंद्र सिंह व भाजपा के वरिष्ठ नेता नागेन्द्र पांडेय के नेतृत्व में 70-80 किसान हल्दी थाना में पहुंच गए और अपना पक्ष रखा। तब जाकर थानाध्यक्ष विश्वदीप सिंह ने मुकदमा दर्ज किया।
इस वजह से हुई थी मारपीट
हल्दी थाना क्षेत्र के गायघाट गांव के किसान मंगलवार की सुबह अपने खेत में मसूर व सरसों की फसल काटने गए थे। इसी बीच बिहार के कुछ लोग लाठी-डंडे व हथियारों से लैस होकर वहां आ गए और यूपी के किसानों पर टूट पड़े। इस दौरान हुई मारपीट में हल्दी थाना क्षेत्र के गायघाट निवासी पूर्व प्रधान दीनदयाल सिंह, शिव चरण यादव, कन्हैया सिंह, राजेश कुमार, सुरेंद्र सिंह, संतोष सिंह घायल हो गए थे।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनवानी ले जाकर इलाज कराया था, जहां से चिकित्सकों ने चार लोगों को जिला अस्पताल से एक्स-रे के लिए रेफर कर दिया गया था। थानाध्यक्ष विश्वदीप सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर पांच लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। विवेचना में जो तथ्य सामने आएगा उसके तहत कार्रवाई की जाएगी।