बलिया। जनपद में वर्तमान वित्तीय वर्ष में 36.80 लाख पौधरोपण के साथ ही कोरोना से मृत लोगों की स्मृति में वन भी लगाया जाएगा। यहां इस साल कोरोना संक्रमण से लड़ने में योगदान करने वाले कोरोना योद्धाओं और महामारी में जान गंवाने वालों की स्मृति को संजोने के लिए पौधरोपण किया जा सकता है। इसे कोविड समृद्धि वन का नाम दिया जाएगा। वन विभाग की ओर से इसके लिए हनुमानगंज ब्लाक के भरतपुरा में भूमि चिह्नित कर ली गई है।
प्रदेश सरकार ने सभी जिलों में कोरोना महामारी से लड़ने और जान गंवाने वालों की यादों को संजोने के लिए कोविड समृद्धि वन स्थापित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए जनपद के हनुमानगंज ब्लाक के भरतपुरा स्थित दुबाईन दाई के पोखरा में भूमि चिह्नित की गई है। डीएफओ श्रद्धा यादव ने बताया कि यहां औषधीय और आक्सीजन उत्सर्जन वाले पौधे लगाए जा सकते हैं। कोरोना मृत लोगों के परिजन अपने परिजनों की स्मृति में यहां पौधे लगाना चाहते हैं तो 7839435281 पर संपर्क कर सकते हैं। पौधे के साथ नाम पट्टिका भी लगाई जा सकती है।
डीएफओ ने बताया कि इस बार जनपद में कुल 36.80 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें वन विभाग को 13.91 लाख और 17 अन्य विभागों को 22.89 लाख पौधों का रोपण करना है। अन्य विभागों में ग्राम्य विकास, पंचायती राज, कृषि, उद्यान, नगर विकास, लोनिवि, जलशक्ति, पशुपालन, उद्योग, ऊर्जा, माध्यमिक, बेसिक, पराविधिक और उच्च शिक्षा, स्वास्थ्य, रेलवे और गृह विभाग की ओर से पौधरोपण करना है। इसके लिए तैयारी की जा रही है। बलिया में वन क्षेत्र कम होने से रेलवे लाइन और नदियों के किनारे पौधों का रोपण किया जाएगा। डीएफओ ने बताया कि विरासत वृक्षों के संरक्षण के साथ ही विश्वविद्यालय और अन्य शैक्षिक संस्थाओं में ऑनलाइन क्लास के दौरान अधिक से अधिक पौधे लगाने के लिए जागरूक किया जाएगा। नवनिर्वाचित महिला प्रधानों और महिला स्वयं सहायता समूहों का भी सहयोग लिया जाएगा। किसानों की ओर से अपनी निजी भूमि में वन विभाग के सहयोग से पौधरोपण के लिए प्रेरित किया जाएगा।
लगाए जाएंगे ये पौधे
इस समृद्ध वन में अर्जुन, नीम, आंवला, जामुन, बहेड़ा जैसे औषधीय और प्रचुर मात्रा में आक्सीजन देने वाले पीपल, बरगद, पाकड़, छितवन के पौधे रोपे जाएंगे। शासन ने हर जिले में जमीन चिह्नित करने के निर्देश दिए हैैं।
जिले में कोविड समृद्धि वन के लिए हनुमानगंज ब्लाक में भूमि चिह्नित की गई है। यहां कोरोना के शिकार लोगों के परिजन अपनों की याद में पौधे लगा सकते हैं। इसके साथ ही आमजन से अपील है कि पौधरोपण में सक्रिय भागीदारी कर इसे जनआंदोलन का रूप दें ताकि जनपद की धरती को हराभरा रखा जा सके। - श्रद्धा यादव, डीएफओ बलिया