सहकारी समिति चितबड़ागांव पर खाद के लिए लगी किसानों की भीड़।संवाद
बलिया। रबी की खेती के लिए किसान खाद लेने के लिए साधन सहकारी समितियों का चक्कर काट रहे हैं। समितियों पर खाद की कमी से किसानों को घंटों अपनी बारी का इंतजार करना पड़ रहा है। आधार कार्ड व अंगूठा अनिवार्य किए जाने के कारण सर्वर डाउन की समस्या से भी किसान परेशान होते हैं।
चितबड़ागांव संवाददाता के अनुसार सहकारी समिति चितबड़ागांव पर सोमवार को खाद के लिए किसानों की भारी भीड़ उमड़ी । सुबह से ही किसानों का तांता लगा रहा। किसान घंटों कतार में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। समिति कर्मियों ने व्यवस्था बनाए रखने का प्रयास किया ताकि किसानों को किसी तरह की परेशानी न हो। ग्राम पंचायत मानपुर के किसान अमरजीत यादव ने बताया कि घंटों धूप में खड़ा होना पड़ रहा है।
किसान राम आशीष यादव ने बताया कि खाद के लिए आज दूसरी बार आए हैं। पहली बार नंबर आने से पहले खाद खत्म हो गई थी। आज़ फ़िर लाइन में लगे हैं देखते है मिलती है कि नहीं। समिति परिचालन विवेक मिश्रा ने बताया कि अब तक दो किस्तों में कुल 2800 बोरी खाद किसानों में वितरित की जा चुकी है।
खाद के लिए उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया है। दीपावली से पहले खाद की एक और खेप आने की उम्मीद है।
चौकियामोड़ संवाददाता के अनुसार बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति (बी-पैक्स) में खाद लेने के लिए किसानों की काफी भीड़ रही। खतौनी और आधार कार्ड के आधार पर खाद वितरण किया गया।
सर्वर फेल होने की वजह से किसानों को इंतजार भी करना पड़ा। किसानों ने कहा कि दो बोरी खाद के साथ ही लिक्विड नैनो यूरिया दी जा रही है। यह अतिरिक्त बोझ है। समिति के सचिव रामजन्म यादव ने कहा कि 250 बोरी खाद उपलब्ध है। इसका वितरण कराया जा रहा है।