छपरा-वाराणसी रेलमार्ग पर अप सद्भावना एक्सप्रेस का इंजन सोमवार की सुबह करीब नौ बजे खराब होने से बांसडीहरोड रेलवे स्टेशन के पूर्वी केबिन के पास खड़ी हो गई। करीब दो घंटे बाद बलिया रेलवे स्टेशन से दूसरा इंजन आने पर ट्रेन को गंतव्य के लिए रवाना किया गया।
इस दौरान करीब आधा दर्जन ट्रेनें विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर खड़ी रहीं। उधर सद्भावना एक्सप्रेस में सवार छात्र इंजन के सामने खड़े होकर नारेबाजी करते रहे। इस बीच रेलवे क्रासिंग गिरने से करीब डेढ़ घंटे तक आवागमन बाधित रहा। जाम के दौरान नाराज लोगों को अधिकारियों ने समझा-बुझाकर किसी तरह शांत कराया।
रक्सौल से दिल्ली जा रही अपलाइन सद्भावना एक्सप्रेस का इंजन सोमवार को बांसडीहरोड रेलवे स्टेशन के पूर्वी केबिन के पास ट्रैक प्वाइंट पर खराब हो गया। इससे डाउन गंगा-कावेरी एक्सप्रेस, छपरा-वाराणसी पैसेंजर, वाराणसी-छपरा पैसेंजर सहित आधा दर्जन ट्रेनें विभिन्न स्टेशनों पर खड़ी हो गई।
इंजन फेल होते ही, इसकी सूचना ट्रेन के गार्ड दीपक प्रसाद ने स्टेशन अधीक्षक कमला प्रसाद उपाध्याय को दी। इसके बाद स्टेशन अधीक्षक ने इसकी सूचना कंट्रोल सहित आला अफसरों को दी। सूचना के करीब दो घंटे बाद बलिया रेलवे स्टेशन से दूसरा इंजन भेजकर बांसडीहरोड रेलवे स्टेशन पर पहुंचाया गया।
फिर वहां से ट्रेन को गंतव्य के लिए रवाना किया गया। इस बावत स्टेशन अधीक्षक केपी उपाध्याय ने बताया कि सद्भावना एक्सप्रेस ट्रेन का इंजन एक घंटा तक फेल रहा। इसके बाद दूसरा इंजन बलिया रेलवे स्टेशन से दूसरा इंजन मगाया गया। इसके बाद ट्रेन को गंतव्य के लिए रवाना किया गया।