अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की ओर से रविवार को नगर के टाउन हाल बापू भवन में प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि दयाशंकर सिंह ने मां सरस्वती एवं स्वामी विवेकानंद के चित्र पर माल्यार्पण करके किया। समारोह में वर्ष 2015 में हाईस्कूल, इंटरमीडिएट एवं स्नातक में उत्तीर्ण लगभग 300 प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया। साथ ही खेलकूद के क्षेत्र में अपना योगदान देने वाले अभ्यर्थियों को सम्मानित किया गया।
हाईस्कूल की ज्योति, इंटरमीडिएट की दिव्या उपाध्याय, स्नातक में करिश्मा श्रीवास्तव, परास्नातक एकता मिश्रा तथा सीबीएसई में नौ प्रतिभागियों को प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
वहीं हाईस्कूल में श्रवण कुमार वर्मा, इंटरमीडिएट में प्रियंका शर्मा, स्नातक में गुड़िया केशरी तथा सीबीएसई बोर्ड में आनंद सिंह एवं श्वेता शर्मा को द्वितीय पुरस्कार से नवाजा गया। इसी क्रम में सिमरन सिंह, शिखा उपाध्याय, आरती गुप्त तथा सीबीएसई के सात प्रतिभागियों सहित 300 छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया।
इस मौके पर मुख्य अतिथि भाजपा के प्रदेश मंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि देश का विकास युवा शक्ति के कंधों पर होने वाला है। देश के उत्तरोत्तर प्रगति में युवाओं का विकास अपेक्षित है। कार्यक्रम में विद्यार्थी परिषद की पृष्ठभूमि की चर्चा करते हुए नागाजी विद्या मंदिर रसड़ा रामजी सिंह ने कहा कि विद्यार्थी परिषद का गठन देश के उस संक्रमण काल में हुआ। जब देश आजाद हुआ था और देश में गुलामी के प्रतीकों को सलाम दिया जा रहा है। विद्यार्थी परिषद द्वारा इसका प्रतिकार किया गया और इसमें सफलता प्राप्त हुई। इस मौके पर नवीन कुमार वर्मा, राकेश कुमार गुप्त, अमित गुप्त, रजनीश कुमार गुप्त, प्रशांत मिश्र, अनिल गुप्त, इमरान खां, पवन गुप्त, अरूण खरवार, राकेश श्रीवास्तव, मनीष ओझा, लक्की सिंह, अनुज मिश्र, रूद्रराज आदि रहे। अध्यक्षता श्रवण कुमार सिंह ने की।